हैदराबाद , मार्च 25 -- तेलंगाना के उपमुख्यमंत्री मल्लु भट्टी विक्रमार्क ने बुधवार को विपक्षी भारत राष्ट्र समिति के सदस्यों की आलोचना करते हुए कहा कि वे गरीबों के लिए कल्याणकारी कार्यक्रमों पर चर्चा के दौरान सरकार की प्रतिक्रिया सुने बिना विधानसभा से बाहर चले गए।

प्रश्नकाल के दौरान उपमुख्यमंत्री ने इंदिराम्मा आवास योजना के प्रति सरकार के दृष्टिकोण का बचाव करते हुए कहा कि पर्याप्त धनराशि आवंटित की गई है और विपक्ष द्वारा किए गए दावों के विपरीत बजटीय समर्थन में कोई कमी नहीं की गई है।

उन्होंने कहा कि सरकार ने पिछले बजट में पूरे राज्य में 45 लाख घरों के निर्माण के लिए पहले ही 22,500 करोड़ रुपये आवंटित किये थे जिसमें प्रत्येक निर्वाचन क्षेत्र में 3,500 घरों का लक्ष्य रखा गया था। उन्होंने कहा कि प्राथमिक उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि प्रत्येक पात्र गरीब परिवार को निर्वाचन क्षेत्र स्तर पर पारदर्शी आवेदन प्रक्रिया के माध्यम से एक घर उपलब्ध कराया जाए।

श्री भट्टी ने कहा कि आवास मंत्री पोंगुलेटी श्रीनिवास रेड्डी नियमित समीक्षा बैठकों के माध्यम से योजना की प्रगति पर बारीकी से नजर रख रहे हैं। निर्माण कार्य में तेजी लाने और अतीत में हुई देरी से बचने के लिए सरकार ने बिल भुगतान को साप्ताहिक आधार पर संसाधित करने का निर्णय लिया है।

सरकार की प्रतिबद्धता पर बल देते हुए उन्होंने कहा कि "घर बनाओ, भुगतान प्राप्त करो" दृष्टिकोण के अंतर्गत लाभार्थियों को समय पर भुगतान प्राप्त होगा जिससे कार्यों की निर्बाध प्रगति सुनिश्चित होगी।

उपमुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार निर्माण कार्य आगे बढाने के साथ-साथ आवश्यक धनराशि जारी करने के लिए तैयार है। उन्होंने कहा कि वित्तीय बाधाओं के बावजूद सरकार ने वंचितों के लिए आवास को प्राथमिकता दी है ताकि वे गरिमापूर्ण जीवन व्यतीत कर सकें और कोई भी गरीब व्यक्ति बेघर नहीं रहना चाहिए।

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