पटना , मई 04 -- त्तर से दक्षिण बिहार की संपर्कता मजबूत करने के लिए गंगा नदी पर बनने वाला कच्ची दरगाह-बिदुपुर छह लेन ब्रिज का काम लगभग पूरा हो चुका है।
वाहनों के आवागमन के लिए इसे जल्द ही खोल दिया जाएगा। गंगा के उत्तरी छोर को जोड़ते हुए ब्रिज का पटना में राष्ट्रीय उच्च पथ 31 से हाजीपुर-समस्तीपुर रोड से सीधे जुड़ाव होगा। इससे जहां राज्य में आर्थिक गतिविधियों को तेजी से बढ़ावा मिलेगा वहीं वाहनों की रफ्तार में भी इजाफा होगा।
गंगा नदी पर बनकर तैयार कच्ची दरगाह-बिदुपुर सिक्स लेन पुल की लंबाई 9.76 किलोमीटर है। इसके डिजाइन के कारण इसे स्टेट ऑफ आर्ट ब्रिज की श्रेणी में रखा गया है। विभागीय अधिकारियों का मानना है कि एक्स्ट्रा डोज्ड केबल स्टेड ब्रिज अभियांत्रिक की एक मिसाल है और यह 6 लेन के रूप में देशभर में बड़ा है। पूरी परियोजना सुदृढ़ यातायात व्यवस्था को मजबूती देगी। साथ ही पटना रिंग रोड का हिस्सा बनकर आर्थिक गतिविधियों को और गति प्रदान करेगी। परियोजना में कुल 2968 सेगमेंट हैं जो कि साइट पर सफलता पूर्वक इरेक्ट हो चुके हैं।
बिहार स्टेट रोड डेवलपमेंट कारपोरेशन लिमिटेड के प्रबंध निदेशक शीर्षत कपिल अशोक ने बिहार स्टेट रोड डेवलपमेंट कॉरपोरेशन के अभियंताओं एवं देवू लार्सन टुब्रो कंपनी के अधिकारियों को पुल और एप्रोच रोड निर्माण का कार्य सफलता पूर्वक पूरा किए जाने पर उन्हें बधाई दी है। उन्होंने बताया कि बिहार जैसे राज्य के लिए महत्वपूर्ण ब्रिज आवागमन के लिए पूरी तरह बनकर तैयार है और इसे जल्द ही वाहनों के आवागमन के लिए खोल दिया जाएगा। उन्होंने बताया कि कच्ची दरगाह-बिदुपुर सिक्स लेन ब्रिज रोड कनेक्टिविटी के क्षेत्र में एक नया अध्याय लिखेगा।
कच्ची दरगाह-बिदुपुर सिक्स लेन ब्रिज के निर्माण के लिए बिहार सरकार ने एशियाई डेवलपमेंट बैंक से 3000 करोड़ का ऋण लिया था। पुल की चौड़ाई 32 मीटर है और इस पर वाहन 100 किमी. प्रति घंटे की रफ्तार से चल सकेंगे। पुल के निर्माण पर राज्य सरकार ने लगभग 2000 करोड़ का व्यय अपने संसाधन से किये हैं। कच्ची दरगाह-बिदुपुर सिक्स लेन ब्रिज निर्माण की दिशा में अंतिम सेगमेंट की लॉन्चिंग हाल ही में की गई थी। राघोपुर दियारा से पटना की सम्पर्कता इस पुल से पहले ही की जा चुकी है।
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