भोपाल , जून 24 -- मध्यप्रदेश में कौशल विकास गतिविधियों को बढ़ावा देने के उद्देश्य से इलेक्ट्रॉनिक्स सेक्टर स्किल्स काउंसिल ऑफ इंडिया (ईएसएससीआई) के मुख्य कार्यकारी अधिकारी माधवेंद्र सिंह ने क्रिस्प का दौरा कर यहां संचालित प्रशिक्षण कार्यक्रमों और अत्याधुनिक प्रयोगशालाओं का अवलोकन किया।

उन्होंने प्रधानमंत्री स्किलिंग एंड एंप्लॉयबिलिटी ट्रांसफॉर्मेशन थ्रू अपग्रेडेड आईटीआई (पीएम-सेतु) के अंतर्गत संचालित इंडस्ट्रियल ऑटोमेशन प्रशिक्षण कार्यक्रम की जानकारी प्राप्त की तथा मध्यप्रदेश, उत्तर प्रदेश, छत्तीसगढ़ और महाराष्ट्र से आए ट्रेनिंग ऑफ ट्रेनर्स (टीओटी) प्रतिभागियों से संवाद किया।

प्रतिभागियों ने बताया कि कार्यक्रम के माध्यम से उन्हें उद्योगों की वर्तमान आवश्यकताओं के अनुरूप व्यावहारिक और तकनीकी प्रशिक्षण प्राप्त हो रहा है, जिससे रोजगार के नए अवसर विकसित हो रहे हैं।

श्री सिंह ने क्रिस्प के इलेक्ट्रिकल एवं इलेक्ट्रॉनिक्स विभाग के प्रशिक्षकों के साथ भी चर्चा की और इंडस्ट्रियल ऑटोमेशन मॉड्यूल, प्रयोगशाला सुविधाओं तथा प्रशिक्षण गुणवत्ता का अवलोकन किया। उन्होंने प्रशिक्षण में उपयोग किए जा रहे आधुनिक उपकरणों और उद्योग उन्मुख शिक्षण पद्धतियों की सराहना की।

उन्होंने कहा कि देश में तेजी से विकसित हो रहे सेमीकंडक्टर और इलेक्ट्रॉनिक्स विनिर्माण क्षेत्र के लिए कुशल मानव संसाधन तैयार करना समय की आवश्यकता है। क्रिस्प द्वारा युवाओं को उद्योगों की मांग के अनुरूप गुणवत्तापूर्ण प्रशिक्षण प्रदान किया जा रहा है, जो आत्मनिर्भर भारत और कौशल भारत के लक्ष्य को सशक्त बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।

उन्होंने कहा कि भविष्य में क्रिस्प और ईएसएससीआई सेमीकंडक्टर चिप निर्माण के क्षेत्र में संयुक्त रूप से कार्य करेंगे। यह साझेदारी युवाओं के लिए नए कौशल विकास और रोजगार अवसरों का मार्ग प्रशस्त करेगी।

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