, Aug. 16 -- श्री यादव ने कहा कि प्रदेश में नौकरियों के लिए कोई भी बहाली प्रक्रिया निष्पक्ष और पारदर्शी नहीं है, इसलिए योग्य और काबिल अभियार्थियों का चयन होना मुश्किल हो रहा है। उन्होंने कहा कि गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के मामले में सभी मानकों पर बिहार सबसे फिसड्डी है। उन्होंने कहा कि वर्तमान में पूरे देश की तुलना में बिहार की नामांकन दर सबसे कम, और स्कूल छोड़ने की दर सबसे अधिक है।

श्री यादव ने कहा कि इस प्रदेश का युवा बेचैन और बेसब्र है। बेरोजगारी सबसे अधिक है। एक करोड़ नौकरी का वादा करने वालों ने अभी तक एक लाख नौकरियां भी नहीं दी हैं।

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