चंडीगढ़ , सितंबर 26 -- पंजाब प्रदेश भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के पूर्व अध्यक्ष सुनील जाखड़ ने शनिवार को भगवंत मान सरकार पर केंद्र की योजनाओं को अपनी उपलब्धि बताकर प्रचार करने और सरकारी धन विज्ञापनों पर खर्च करने का आरोप लगाया।

श्री जाखड़ ने यहां संवाददाता सम्मेलन में अनुसूचित जाति बहुल 3,763 गांवों के लिए घोषित 750 करोड़ रुपये के पैकेज से संबंधित विज्ञापनों का हवाला देते हुए दावा किया कि इसके लिए धन प्रधानमंत्री आदर्श ग्राम योजना के तहत केंद्र सरकार से मिल रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य सरकार का इसमें कोई वित्तीय योगदान नहीं है , हालांकि उपलब्ध सरकारी और मीडिया रिपोर्टों के अनुसार पंजाब सरकार ने 3,763 गांवों के लिए 750 करोड़ रुपये के विकास पैकेज की घोषणा की है।

उन्होंने मुख्यमंत्री की तस्वीर वाले विज्ञापनों पर सवाल उठाते हुए पंजाब सरकार से तत्काल माफी मांगने की मांग की। उन्होंने कहा कि भाजपा यह भी जांच करेगी कि पहले जारी धन गांवों तक पहुंचा या नहीं। नशे से प्रभावित परिवारों का मुद्दा उठाते हुए उन्होंने 'मावां-धीयां सत्कार योजना' पर भी सरकार को घेरा और कहा कि नशे के कारण अपने परिजनों को खो चुकी महिलाएं न्याय की मांग कर रही हैं।

मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) पर श्री जाखड़ ने कांग्रेस और आम आदमी पार्टी के विरोध पर सवाल उठाया। उन्होंने दावा किया कि उनके अबोहर क्षेत्र में करीब 20 हजार नाम हटाए गए, लेकिन संबंधित दलों ने निर्वाचन आयोग के समक्ष कोई आपत्ति दर्ज नहीं करायी। एसआईआर के तहत पंजाब में 20,66,635 मतदाताओं के फॉर्म नहीं मिल पाये। इनमें 9,44,131 स्थायी रूप से स्थानांतरित, 5,74,568 मृत, 4,12,715 अनुपलब्ध/पता नहीं चलने वाले और 1,19,145 दोहरे नाम वाले मतदाता शामिल हैं।

श्री जाखड़ ने कहा कि जिन मतदाताओं को सूची से हटाये जाने पर आपत्ति है, वे निर्धारित प्रक्रिया के तहत निर्वाचन आयोग के समक्ष दावा या आपत्ति दाखिल कर सकते हैं।

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