पटना , अप्रैल 22 -- राज्यभर में समाज कल्याण विभाग की तरफ से 8वां पोषण पखवाड़ा 2026 (09-23 अप्रैल,2026) व्यापक स्तर पर मनाया जा रहा है।

इस वर्ष का थीम "जीवन के पहले छह वर्षों में मस्तिष्क विकास को अधिकतम करना" निर्धारित है। राज्य के सभी 38 जिलों में आंगनबाड़ी केंद्रों के माध्यम से यह अभियान सक्रिय रूप से चलाया जा रहा है। इस दौरान पोषण पंचायत, जागरूकता रैलियां, स्वास्थ्य शिविर, पोषण प्रदर्शनियां एवं प्रारंभिक शिक्षा से संबंधित विभिन्न गतिविधियां आयोजित की जा रही हैं। इस अभियान को लेकर सभी जिलों में 64 लाख 91 हजार 371 जन आंदोलन गतिविधियां दर्ज की गई है। अभियान के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए समाज कल्याण विभाग की सचिव एवं आईसीडीएस निदेशक की ओर से नियमित रूप से समीक्षा की जा रही हैं।

पोषण पखवाड़ा के दौरान छह माह से तीन वर्ष के बच्चों को टेक-होम राशन के रूप में चावल, दाल, सोयाबड़ी दिया जा रहा है। वही तीन से छह वर्ष के बच्चों को आंगनबाड़ी केंद्रों पर गर्म पका हुआ पौष्टिक भोजन जैसे खिचड़ी ,पुलावआदि उपलब्ध कराया जा रहा है। इन आहारों में दालें, सोयाबीन, मूंगफली, हरी सब्जियां और दूध जैसे प्रोटीन तथा विटामिन युक्त पदार्थ मौजूद हैं। साथ ही कुपोषित बच्चों की पहचान के लिए सैम-मैम स्क्रीनिंग, वजन-लंबाई माप और एनीमिया की जांच की जा रही है। माताओं को स्तनपान, उचित ऊपरी आहार तथा स्वच्छता के बारे में जागरूक किया जा रहा है। विशेष रूप से अति कुपोषित बच्चों को पोषण पुनर्वास केंद्र में भर्ती कर उपचार और पौष्टिक आहार की सलाह दी जा रही है।

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