बेंगलुरु , अप्रैल 07 -- कर्नाटक कांग्रेस में कैबिनेट फेरबदल की सुगबुगाहट के बीच मुख्यमंत्री सिद्दारमैया और उपमुख्यमंत्री डी.के. शिवकुमार के बीच का तालमेल एक बार फिर से चर्चा के केंद्र में है।

सत्तारुढ़ पार्टी के कई विधायक मंत्री बनने के लिए लगातार दबाव बना रहे हैं। रिपोर्टें है कि वरिष्ठ विधायकों का एक गुट अपनी मांग को लेकर जल्द ही दिल्ली में पार्टी आलाकमान से मुलाकात कर सकता है।

दूसरी ओर कांग्रेस नेतृत्व किसी भी फैसले से पहले क्षेत्र और सामाजिक समीकरणों के साथ-साथ नेताओं के कामकाज का भी आकलन कर रहा है। आने वाले उपचुनावों को देखते हुए इस फैसले का समय बहुत महत्वपूर्ण माना जा रहा है ताकि संगठन में कोई फूट न पड़े।

श्री सिद्दारमैया जरुरत पड़ने पर मंत्रिमंडल में बदलाव के पक्ष में दिख रहे हैं, वहीं श्री शिवकुमार का पूरा ध्यान संगठन को मजबूत करने और गुटबाजी को रोकने पर है। इन दोनों बड़े नेताओं के बीच का तालमेल ही तय करेगा कि यह फेरबदल कितनी शांति से पूरा होता है।

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