भोपाल , जुलाई 22 -- मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल के रातीबड़ थाना क्षेत्र में कथित रूप से कर्ज और वसूली के दबाव से परेशान एक 37 वर्षीय शेफ ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। पुलिस को घटनास्थल से एक सुसाइड नोट मिला है, जिसमें कर्ज देने वाले व्यक्ति और एक निजी फाइनेंस कंपनी के रिकवरी एजेंट पर प्रताड़ित करने के आरोप लगाए गए हैं। पुलिस ने मर्ग कायम कर मामले की जांच शुरू कर दी है।

पुलिस के अनुसार मृतक की पहचान नीलबड़ स्थित बृजधाम कॉलोनी निवासी रामश्रवण पटेल के रूप में हुई है, जो कोलार रोड स्थित एक बंगले में शेफ का कार्य करता था। उसका शव मंगलवार देर रात कलियासोत डेम के समीप तेरा शटर क्षेत्र में एक पेड़ से फंदे पर लटका मिला। मौके से उसकी मोटरसाइकिल और पैंट की जेब से एक सुसाइड नोट भी बरामद हुआ।

परिजनों ने बताया कि रामश्रवण मंगलवार दोपहर काम पर जाने की बात कहकर घर से निकला था, लेकिन देर रात तक वापस नहीं लौटा। सुसाइड नोट में लिखे मोबाइल नंबर के आधार पर पुलिस ने परिजनों को घटना की सूचना दी।

पुलिस के अनुसार सुसाइड नोट में मृतक ने लिखा है कि मकान निर्माण के लिए उसने एक व्यक्ति से 3.70 लाख रुपये उधार लिए थे। उसका दावा है कि वह पूरी मूल राशि चुका चुका था, लेकिन इसके बावजूद उससे प्रतिदिन 10 हजार रुपये ब्याज की मांग की जा रही थी। नोट में एक निजी फाइनेंस कंपनी के रिकवरी एजेंटों द्वारा लगातार दबाव बनाए जाने का भी उल्लेख किया गया है।

मृतक के भाई अरुण पटेल ने आरोप लगाया कि कर्ज चुकाने के लिए परिवार के गहने तक गिरवी रखने पड़े, लेकिन इसके बावजूद तकादेदार लगातार परेशान करते रहे। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि तीन दिन पहले रामश्रवण को चुनाभट्टी थाने बुलाकर कर्ज चुकाने का दबाव बनाया गया था। हालांकि पुलिस ने इस दावे से इनकार करते हुए कहा है कि ऐसी कोई जानकारी उसके संज्ञान में नहीं है।

रातीबड़ थाना प्रभारी रास बिहारी शर्मा ने बताया कि प्रारंभिक जांच में कर्ज के कारण मानसिक तनाव की बात सामने आई है। परिजनों के अनुसार चार दिन पहले भी रामश्रवण ने जहरीला पदार्थ खाकर आत्महत्या का प्रयास किया था, लेकिन उसकी जान बच गई थी।

पुलिस ने बताया कि सुसाइड नोट की हस्तलिपि का परीक्षण कराया जाएगा। इसके अलावा मोबाइल कॉल डिटेल, वित्तीय लेन-देन तथा नोट में जिन लोगों के नाम लिखे गए हैं, उनसे पूछताछ की जाएगी। जांच के बाद प्राप्त तथ्यों के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।

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