भुवनेश्वर , जुलाई 16 -- ओडिशा में बीजू जनता दल (बीजद) ने स्कूली पाठ्यपुस्तकों में बड़े पैमाने पर हुई गलतियों को लेकर राज्य सरकार पर अपना हमला तेज करते हुए छात्रों को उचित पुस्तकें उपलब्ध कराने में हो रही देरी पर सवाल उठाए हैं।

बीजद प्रवक्ता डॉ. लेनिन मोहंती ने पार्टी मुख्यालय में बुधवार को एक संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने पहली बार सार्वजनिक रूप से स्वीकार किया है कि कक्षा 1 से 8 तक की पाठ्यपुस्तकों में गलतियां हैं। उन्होंने इस स्वीकारोक्ति को 'देर से उठाया गया कदम' बताते हुए इससे विपक्ष और समाज के विभिन्न वर्गों द्वारा पिछले एक महीने से जताई जा रही चिंताएं सही साबित होने की बात कही।

डॉ. मोहंती ने भाजपा पर सबसे महत्वपूर्ण सवाल का जवाब देने में विफल रहने का आरोप लगाते हुए पूछा कि छात्रों को बदली हुई, बिना गलती वाली पाठ्यपुस्तकें कब मिलेंगी। उन्होंने कहा, "इस मुद्दे के सामने आए लगभग एक महीना हो चुका है, फिर भी गलतियों को सुधारने और नयी पाठ्यपुस्तकें बांटने की समय-सीमा को लेकर कोई स्पष्टता नहीं है। सरकार को तुरंत छात्रों और अभिभावकों को बताना चाहिए कि बदली हुई पुस्तकें कब उपलब्ध कराई जाएंगी।". बीजद नेता ने अपराध शाखा की जांच के दायरे पर सवाल उठाते हुए कहा कि भाजपा ने कहा था कि गड़बड़ी के लिए जिम्मेदार अधिकारियों को बख्शा नहीं जाएगा लेकिन वे गैर-आधिकारिक सदस्यों की जवाबदेही पर चुप रहे, खासकर उन लोगों की जो पाठ्यपुस्तकें तैयार करने और उन्हें मंजूरी देने वाली कोर कमेटी में शामिल थे। उन्होंने कहा, "अगर जवाबदेही तय करनी है, तो यह सिर्फ अधिकारियों तक सीमित नहीं रह सकती। तैयारी और मंजूरी की प्रक्रिया में शामिल सभी लोगों की जांच होनी चाहिए।"डॉ. मोहंती ने पाठ्यपुस्तकों की छपाई पर भी स्पष्टीकरण मांगा। उन्होंने पूछा कि क्या वे ओडिशा के बाहर छापी गई थीं और अगर ऐसा था, तो राज्य सरकार की अपनी प्रिंटिंग प्रेस या स्थानीय एजेंसियों से काम करवाने की बजाय गुजरात की किसी फर्म को यह काम क्यों सौंपा गया। उन्होंने कहा कि छपाई के काम को बाहरी को ठेका देने के फैसले की भी जांच होनी चाहिए।

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