हरिद्वार , मार्च 15 -- उत्तराखंड के हरिद्वार जिले में एलपीजी गैस सिलेंडरों की सुचारू आपूर्ति सुनिश्चित करने और उपभोक्ताओं को किसी प्रकार की परेशानी से बचाने के उद्देश्य से जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने रविवार को आपदा कंट्रोल रूम में संबंधित अधिकारियों एवं गैस एजेंसियों के विक्रय अधिकारियों के साथ महत्वपूर्ण बैठक की। बैठक में जिले में गैस आपूर्ति की स्थिति की समीक्षा की गई और आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए।

जिला पूर्ति अधिकारी मुकेश पाल ने बैठक में बताया कि जनपद में एलपीजी गैस की किसी प्रकार की कमी नहीं है और सभी एजेंसियों के माध्यम से उपभोक्ताओं को नियमित रूप से गैस उपलब्ध कराई जा रही है। उन्होंने बताया कि गैस सिलेंडर की बुकिंग ऑनलाइन प्रणाली के माध्यम से की जा रही है और वर्तमान में स्थिति सामान्य है। उन्होंने यह भी बताया कि कई उपभोक्ताओं द्वारा केवाईसी न कराए जाने के कारण बुकिंग में समस्या आ रही है, जिससे एजेंसियों पर भीड़ दिखाई दे रही है।

जिलाधिकारी ने अधिकारियों और एजेंसियों को निर्देश दिए कि गैस सिलेंडरों की आपूर्ति पारदर्शी और नियमित तरीके से की जाए तथा सभी उपभोक्ताओं को प्राथमिकता के आधार पर होम डिलीवरी के माध्यम से गैस उपलब्ध कराई जाए, ताकि लोगों को एजेंसियों पर अनावश्यक लाइन में न लगना पड़े। साथ ही बैकलॉग को जल्द समाप्त करने के भी निर्देश दिए गए।

बैठक में डीएम ने स्पष्ट चेतावनी दी कि एलपीजी गैस की कालाबाजारी, अवैध भंडारण या अवैध रिफिलिंग किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। ऐसा करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करते हुए एफआईआर दर्ज कराई जाएगी।

उन्होंने सभी गैस एजेंसियों को निर्देश दिए कि केवाईसी न कराने वाले उपभोक्ताओं के लिए अलग काउंटर खोले जाएं और लोगों को ऑनलाइन केवाईसी के लिए जागरूक किया जाए। साथ ही चिकित्सालयों, शिक्षण संस्थानों और आश्रमों को प्राथमिकता के आधार पर गैस उपलब्ध कराने के निर्देश भी दिए गए।

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