केंद्रापाड़ा , जुलाई 28 -- राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (एनएचआरसी) ने ढेंकनाल औद्योगिक दुर्घटना में घायल श्रमिकों के मुआवजे की स्थिति पर जिला मजिस्ट्रेट और पुलिस अधीक्षक को एक महीने के भीतर रिपोर्ट सौंपने का निर्देश दिया।
आयोग की गत 28 जुलाई की कार्रवाई के तहत उसके सामने पेश किये गये दस्तावेजी सबूतों से पुष्टि हुई कि दुर्घटना में मृत दो श्रमिकों के परिवारों को 20-20 लाख रुपये का मुआवजा दिया गया था, साथ ही अंतिम संस्कार और दाह-संस्कार के खर्च के लिए 1-1 लाख रुपये भी दिये गये थे।
गौरतलब है कि रिपोर्ट में यह भी बताया गया है कि संबंधित कंपनी ने तीनों घायल श्रमिकों के इलाज का पूरा खर्च उठाया था। आयोग ने हालांकि पाया कि रिपोर्ट में यह स्पष्ट नहीं किया गया था कि क्या घायल श्रमिकों को उनके इलाज के खर्च के अलावा कोई वित्तीय राहत या मुआवजा मिला है।
आयोग ने कहा, "कंपनी ने हालांकि घायल श्रमिकों के इलाज का खर्च उठाया है लेकिन इस बारे में कोई ठोस जानकारी नहीं है कि क्या उन्हें कोई अतिरिक्त आर्थिक मुआवजा दिया गया है।"आयोग ने इसीलिए ढेंकनाल के जिला मजिस्ट्रेट और पुलिस अधीक्षक को एक विस्तृत रिपोर्ट सौंपने का निर्देश दिया है जिसमें घायल श्रमिकों को दिये गये आर्थिक मुआवजे (यदि कोई हो) का विवरण हो, साथ ही इसके समर्थन में दस्तावेजी सबूत भी हों।
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