नयी दिल्ली/सलेम , फरवरी 27 -- भारत के उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन ने तमिलनाडु के सलेम स्थित भारतीय हथकरघा प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईएचटी) के नवनिर्मित शैक्षणिक भवन का उद्घाटन किया है।

श्री राधाकृष्णन ने शुक्रवार को कहा कि शैक्षणिक संस्थान हथकरघा क्षेत्र को सशक्त बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने कहा कि आईआईएचटी जैसे संस्थान किफायती लागत पर गुणवत्तापूर्ण तकनीकी शिक्षा प्रदान कर रहे हैं और बुनकरों के बच्चों सहित समाज के विभिन्न वर्गों को इन सुविधाओं का लाभ उठाने के लिए प्रोत्साहित किया।

श्री राधाकृष्णन ने बुनकरों से अपील की कि वे अपनी पारंपरिक कौशल और तकनीकों को बनाए रखते हुए उत्पादन को समकालीन बाजार की मांग के अनुरूप ढालें, ताकि प्रतिस्पर्धात्मकता और आय में वृद्धि हो सके।

श्री राधाकृष्णन ने कहा कि 56 देशों के साथ हुआ मुक्त व्यापार समझौता(एफटीएएस) वस्त्र क्षेत्र के साथ-साथ चमड़ा और अन्य विनिर्माण क्षेत्रों के लिए भी नए अवसर प्रदान करेगा।

इस अवसर पर केंद्रीय वस्त्र मंत्री गिरिराज सिंह ने कहा कि आईआईएचटी सलेम के नए अकादमिक ब्लॉक का उद्घाटन केवल एक भवन का उद्घाटन नहीं, बल्कि बुनकरों के सशक्तिकरण और हथकरघा क्षेत्र के आधुनिकीकरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने कहा कि सादगी, परंपरा और प्रौद्योगिकी का संगम 'आत्मनिर्भर भारत' के लक्ष्य की प्राप्ति की दिशा में सामूहिक प्रयास है।

श्री सिंह ने बताया कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में भारत ने वैश्विक व्यापार संबंधों का विस्तार किया है। वर्ष 2014 तक भारत ने 19 देशों के साथ 10 मुक्त व्यापार समझौते किए थे, जबकि वर्तमान में 56 देशों के साथ 18 एफटीए लागू हैं, जिससे भारतीय वस्त्र और हथकरघा उत्पादों को बेहतर बाजार पहुंच मिली है।

नए शैक्षणिक भवन में आधुनिक संवादात्मक कक्षाएं, सुसज्जित पुस्तकालय एवं डिजिटल लाइब्रेरी, सेमिनार हॉल, फैकल्टी कक्ष, प्राथमिक उपचार सुविधाएं और बोर्ड रूम शामिल हैं। इसके साथ ही यहां सभी 11 आईआईएचटी संस्थानों के लिए परीक्षा नियंत्रक कार्यालय भी स्थापित किया गया है।उन्नत प्रयोगशालाएं और प्रशिक्षण कक्ष छात्रों में नवाचार, उद्यमिता और उद्योग-उन्मुख दक्षताओं को बढ़ावा देने में सहायक होंगे।

कार्यक्रम के दौरान उपराष्ट्रपति ने केंद्रीय वस्त्र मंत्री के साथ नये भवन का निरीक्षण किया और बुनकरों, संकाय सदस्यों तथा छात्रों से संवाद किया। इस अवसर पर उन्होंने मेधावी छात्रों को पदक और प्रमाणपत्र प्रदान कर सम्मानित किया।

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