लखनऊ , जून 3 -- उत्तर प्रदेश सरकार ने शहरी परिवहन व्यवस्था को आधुनिक और पर्यावरण अनुकूल बनाने की दिशा में बड़ा फैसला लिया है। बुधवार को हुई राज्य मंत्रिमंडल की बैठक में 17 नगर निगमों और नोएडा में 1725 नई इलेक्ट्रिक बसों के संचालन के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी गई। इस महत्वाकांक्षी योजना पर कुल 1852 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे।

बैठक में कुल 25 प्रस्ताव प्रस्तुत किए गए, जिनमें से 24 प्रस्तावों को स्वीकृति मिली। कैबिनेट मंत्री सुरेश खन्ना ने बताया कि नई योजना के तहत नगर निगम क्षेत्रों के साथ-साथ उनकी परिधि में आने वाले इलाकों तक भी इलेक्ट्रिक बस सेवा का विस्तार किया जाएगा, जिससे आम नागरिकों को बेहतर और सुगम सार्वजनिक परिवहन सुविधा उपलब्ध हो सकेगी।

योजना के अनुसार 9 मीटर लंबाई की 725 तथा 12 मीटर लंबाई की 1000 इलेक्ट्रिक बसें संचालित की जाएंगी। वर्तमान में प्रदेश में 733 ई-बसें पहले से संचालित हैं। नई बसों के जुड़ने से शहरी परिवहन नेटवर्क और अधिक मजबूत होगा। सरकार ने इस परियोजना के तहत नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट (जेवर एयरपोर्ट) को भी सार्वजनिक परिवहन नेटवर्क से जोड़ने का निर्णय लिया है। इससे एयरपोर्ट तक यात्रियों की पहुंच आसान होगी और क्षेत्रीय कनेक्टिविटी को भी बढ़ावा मिलेगा।

परियोजना के संचालन के लिए विशेष प्रयोजन वाहन (एसपीवी) का गठन किया जा चुका है तथा बस संचालन के लिए कंपनियों का चयन भी कर लिया गया है। कुल 1852 करोड़ रुपये की इस परियोजना में सरकार पर 653 करोड़ रुपये का वित्तीय भार आएगा, जबकि शेष निवेश निजी ऑपरेटरों द्वारा किया जाएगा।

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