नयी दिल्ली , जुलाई 22 -- द इंस्टीट्यूट ऑफ कॉस्ट अकाउंटेंट्स ऑफ इंडिया (आईसीएमएआई) की परिषद ने वर्ष 2026-27 के लिए चितरंजन चट्टोपाध्याय को नया अध्यक्ष और मनोज कुमार आनंद को नया उपाध्यक्ष चुना है।

कोलकाता में आयोजित परिषद की बैठक में बुधवार को नये नेतृत्व का चयन किया गया। संस्थान ने विश्वास जताया है कि नया नेतृत्व कॉस्ट एवं मैनेजमेंट अकाउंटेंसी पेशे को नयी दिशा देने के साथ-साथ उत्कृष्टता, नवाचार और राष्ट्र निर्माण के अपने संकल्प को और अधिक मजबूती प्रदान करेगा।

श्री चट्टोपाध्याय संस्थान के फेलो सदस्य हैं। उनके पास बैंकिंग क्षेत्र में 38 साल से अधिक का अनुभव है। वह इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ बैंकिंग एंड फाइनेंस (आईआईबीएफ) के सर्टिफिकेट एसोसिएट सदस्य हैं तथा एलएल.बी. के साथ-साथ लंदन स्थित सीआईपीएफए से सीपीएफए की पेशेवर योग्यता भी प्राप्त कर चुके हैं। वह वर्ष 2019-23 के दौरान संस्थान की परिषद के सदस्य रहे और वर्ष 2023-27 के लिए पुनः निर्वाचित हुए। इससे पहले वह वर्ष 2004-05 में पूर्वी क्षेत्र की परिषद के अध्यक्ष भी रह चुके हैं।

अपने चयन पर श्री चट्टोपाध्याय ने कहा, "परिषद द्वारा मुझ पर जताये गये विश्वास के लिए मैं हृदय से आभारी हूं। मैं सभी हितधारकों के साथ मिलकर संस्थान को और सशक्त बनाने, पेशे के सर्वोच्च मानकों को बनाये रखने तथा कॉस्ट एवं मैनेजमेंट अकाउंटेंट्स को भारत की विकास यात्रा में सार्थक योगदान देने के लिए सशक्त बनाने की दिशा में कार्य करूंगा। नवाचार, उत्कृष्टता और सहयोग के माध्यम से हम इस पेशे को नयी ऊंचाइयों तक ले जाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।"श्री आनंद संस्थान के फेलो सदस्य हैं। वह वर्ष 2023-27 के लिए निर्वाचित परिषद सदस्य होने के साथ-साथ वर्ष 2024-27 के लिए सीएपीए के पब्लिक सेक्टर एडवाइजरी ग्रुप (पीएसएजी) के सदस्य भी हैं। वह केंद्रीय वित्त मंत्रालय में प्रिंसिपल एडवाइज़र (कॉस्ट) के रूप में अपनी सेवाएं दे चुके हैं। उनके पास सार्वजनिक वित्त, कॉस्ट अकाउंटिंग और वित्तीय प्रबंधन के क्षेत्र में चार दशकों से अधिक का अनुभव है। वह वर्ष 1997-98 तथा 2000-01 में संस्थान की उत्तरी क्षेत्र की परिषद के अध्यक्ष भी रह चुके हैं।

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