नयी दिल्ली , जनवरी 28 -- गुरु गोबिंद सिंह इंद्रप्रस्थ विश्वविद्यालय (आईपी विश्वविद्यालय) ने बुधवार को 24 नये पाठ्यक्रम के साथ शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए ऑनलाइन प्रवेश प्रक्रिया शुरू की है।

इसका शुभारंभ दिल्ली सरकार के शिक्षा मंत्री आशीष सूद और विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. (डॉ.) महेश वर्मा द्वारा संयुक्त रूप से प्रवेश पुस्तिका के विमोचन के साथ हुआ। विश्वविद्यालय ने राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में आयोजित एक कार्यक्रम में स्नातक (यूजी), स्नातकोत्तर (पीजी) और पीएचडी पाठ्यक्रमों के लिए तीन अलग-अलग प्रवेश पुस्तिकाएं जारी कीं। ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया 2 फरवरी से प्रारंभ होगी। आईपी विश्वविद्यालय से संबद्ध 130 से अधिक कॉलेजों और विश्वविद्यालय स्कूलों में कुल 43,000 से अधिक सीटों पर प्रवेश दिया जाएगा।

इस अवसर पर श्री सूद ने कहा कि प्रवेश पुस्तिका का विमोचन भविष्य के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाता है। उन्होंने कहा कि पहले दिल्ली के छात्रों को उच्च शिक्षा के लिए शहर छोड़ना पड़ता था और कैपिटेशन फीस प्रणाली ने मध्यम वर्गीय परिवारों पर आर्थिक बोझ डाला, लेकिन अब स्थिति बदल चुकी है। आज आईपी विश्वविद्यालय सार्वजनिक शिक्षा का एक मजबूत मॉडल बनकर उभरा है।

कुलपति श्री वर्मा ने बताया कि विश्वविद्यालय में वर्तमान में 130 से अधिक संबद्ध संस्थान, 43,000 से अधिक सीटें और एआई, रोबोटिक्स, डेटा साइंस, कानून, चिकित्सा और डिजाइन सहित 230 से अधिक शैक्षणिक कार्यक्रम संचालित हो रहे हैं, जो इसकी व्यापक शैक्षणिक दृष्टि को दर्शाते हैं।

इस अवसर पर विश्वविद्यालय द्वारा 24 नए पाठ्यक्रम शुरू किये गये। इनमें बैचलर ऑफ मैनेजमेंट स्टडीज (बीएमएस), बीएस (पैकेजिंग टेक्नोलॉजी) में लेटरल एंट्री, एम.टेक. (रोबोटिक्स एंड आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस), एमए मास कम्युनिकेशन (वीकेंड प्रोग्राम), बैचलर ऑफ फिजियोथेरेपी, बीटेक इंडस्ट्रियल केमिस्ट्री, बीएससी क्लिनिकल साइकोलॉजी, बीटेक कंप्यूटर साइंस इंजीनियरिंग (एआई एवं डेटा साइंस) और बीटेक (कंप्यूटर साइंस एंड बिजनेस सिस्टम्स) शामिल हैं।

इसके अलावा शिक्षक शिक्षा और समावेशी शिक्षा के अंतर्गत बीए बीएड (स्पेशल एंड इनक्लूसिव एजुकेशन - आईएसआईटीईपी) कार्यक्रम भी शुरू किया गया है, जिसमें ऑटिज़्म स्पेक्ट्रम डिसऑर्डर, हियरिंग इम्पेयरमेंट, इंटेलेक्चुअल डिसेबिलिटी, लर्निंग डिसेबिलिटी, मल्टीपल डिसेबिलिटी और विजुअल इम्पेयरमेंट जैसी विशेषज्ञताएं शामिल हैं।

विश्वविद्यालय ने इस वर्ष नौ नए संस्थानों को संबद्ध किया है। नरेला परिसर से तीन कार्यक्रम पहले से संचालित हो रहे हैं, जबकि नए परिसर के लिए कई नए पाठ्यक्रम प्रस्तावित हैं।

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