बड़वानी , सितंबर 25 -- मध्यप्रदेश में बड़वानी जिले के पाटी विकासखंड में शासकीय बालक आश्रम के अधीक्षक और उनके परिवार के तीन सदस्यों के खिलाफ जांच के दौरान अधिकारियों से कथित अभद्रता करने और शासकीय कार्य में बाधा डालने के आरोप में पुलिस ने प्रकरण दर्ज किया है।

पाटी के थाना प्रभारी रामदास यादव ने बताया कि बोकराटा स्थित राजा शंकर शाह-रघुनाथ शाह शासकीय बालक आश्रम के अधीक्षक विनोद आर्य, उनकी पत्नी किरण आर्य, पुत्री सोनिका आर्य और भाई अरुण आर्य के खिलाफ बड़वानी की ब्लॉक शिक्षा अधिकारी (बीईओ) राजश्री पवार की शिकायत पर प्रकरण दर्ज किया गया है।

उन्होंने बताया कि आश्रम में रहने वाले कक्षा तीसरी के छात्र करण के 19 सितंबर को दुर्घटना में घायल होने और जिला अस्पताल बड़वानी में भर्ती कराए जाने के बाद जांच के आदेश दिए गए थे। सहायक आयुक्त, जनजातीय कार्य विभाग के निर्देश पर बीईओ पवार चार सदस्यीय दल के साथ 20 सितंबर को आश्रम पहुंचीं और घटना के संबंध में जांच की।

जांच के दौरान अधिकारियों ने आश्रम में रह रहे बच्चों से बातचीत की। शिकायत के अनुसार कुछ छोटे बच्चों ने अधीक्षक विनोद आर्य पर पर्याप्त भोजन और नाश्ता नहीं देने, कथित तौर पर परेशान करने तथा रुपये मांगने सहित विभिन्न आरोप लगाए।

थाना प्रभारी ने बताया कि शिकायतें सामने आने के बाद आर्य ने अपने रिश्तेदारों को आश्रम बुलाया। आरोप है कि इसके बाद उन्होंने बीईओ और अन्य अधिकारियों के साथ अभद्रता की तथा जांच कार्य में बाधा डाली।

बीईओ ने सहायक आयुक्त को जांच रिपोर्ट सौंपते हुए आशंका जताई कि आश्रम में मौजूद 43 बच्चों को डराया-धमकाया जा सकता है। इसके बाद उन्होंने पाटी थाने में शिकायत दर्ज कराई, जिस पर गुरुवार देर रात चारों आरोपियों के खिलाफ प्रकरण दर्ज किया गया।

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