पटना , सितंबर 12 -- िहार में लोक सेवाओं का अधिकार (आरटीपीएस)पोर्टल ने ई-गवर्नेंस के क्षेत्र में एक नई गति ला दी है। आम जनों को जाति प्रमाणपत्र, आय प्रमाणपत्र, निवास प्रमाणपत्र और जन्म-मृत्यु प्रमाणपत्र जैसे महत्वपूर्ण दस्तावेजों के लिए आवेदन किए जाने से काफी सुविधा हुई है। पंचायती राज विभाग के अनुसार, अक्टूबर 2024 से सितंबर 2026 तक सिर्फ पंचायत स्तर पर आरटीपीएस पोर्टल पर ऐसे मामलों के 39 लाख 78 हजार से अधिक आवेदन प्राप्त हुए हैं। इनमें से रिकॉर्ड 39 लाख 32 हजार से अधिक आवेदनों का सफलतापूर्वक निष्पादन किया जा चुका है।

निपटारे के मामले में मधुबनी जिले की पंचायतें पूरे बिहार में अव्वल हैं। यहां की 386 पंचायतों में दो वर्षों के भीतर 3 लाख 24 हजार से अधिक आवेदन आए, जिनमें से 3 लाख 22 हजार का निष्पादन किया जा चुका है। इसके बाद दूसरे स्थान पर सिवान है। यहां की पंचायतों में 2 लाख 97 हजार से अधिक आवेदन मिले, जिनमें से 2 लाख 95 हजार का निपटारा हो गया है। सीतामढ़ी में 1 लाख 99 हजार से अधिक आवेदनों में से 1 लाख 97 हजार से ज्यादा का निपटारा हुआ है। वहीं सारण में 1 लाख 87 हजार में से 1 लाख 84 हजार और पश्चिम चंपारण में 1 लाख 53 हजार में से 1 लाख 52 हजार आवेदनों का निपटारा हो चुका है।

आरटीपीएस पोर्टल पर नागरिकों के लिए कुल 64 प्रकार की सुविधाएं उपलब्ध हैं। इनमें जाति प्रमाणपत्र, आय प्रमाणपत्र, निवास प्रमाणपत्र और जन्म-मृत्यु प्रमाणपत्र जैसे महत्वपूर्ण दस्तावेज शामिल हैं। आवेदक अपने लॉग-इन से आवेदन की स्थिति को ट्रैक कर सकते हैं और प्रमाणपत्र डाउनलोड कर सकते हैं। इस डिजिटल प्लेटफॉर्म ने सरकारी सेवाओं को पूरी तरह समयबद्ध और पारदर्शी बना दिया है।

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