विशाखापत्तनम , मई 02 -- आंध्र प्रदेश पिछड़ा वर्ग समर्पित आयोग के अध्यक्ष एवं भारतीय प्रशासनिक सेवा (आईएएस) के सेवानिवृत्त अधिकारी राजीव रंजन मिश्रा ने शनिवार को कहा कि राज्य में पिछड़ा वर्ग (बीसी ) का व्यापक सर्वेक्षण शीर्ष न्यायालय की ओर से निर्धारित दिशानिर्देशों के अनुरूप, पूरी सावधानी के साथ किया जाना चाहिए।

श्री मिश्रा ने आज यहां ग्रेटर विशाखापत्तनम नगर निगम (जीवीएमसी) के मुख्य कार्यालय में समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करते हुए कहा कि आंध्र प्रदेश बीसी समर्पित आयोग को बीसी समुदायों में पिछड़ेपन की प्रकृति, सीमा और प्रभावों का आकलन करने के लिए विशेष रूप से स्थानीय निकायों के संदर्भ में एक गहन अनुभवजन्य अध्ययन करने का कार्य सौंपा गया है। उन्होंने कहा कि इस व्यापक अभ्यास के निष्कर्ष स्थानीय शासन संस्थानों में बीसी के लिए आरक्षण का उचित प्रतिशत निर्धारित करने में मदद करेंगे, जो संवैधानिक प्रावधानों और सर्वोच्च न्यायालय के निर्देशों का सख्ती से पालन करते हुए किया जाएगा।

उन्होंने कहा कि इस व्यापक अभ्यास के निष्कर्ष, संवैधानिक प्रावधानों और सर्वोच्च न्यायालय के निर्देशों का कड़ाई से पालन करते हुए स्थानीय शासन संस्थाओं में बीसी के लिए आरक्षण का उचित प्रतिशत निर्धारित करने में मदद करेंगे।

श्री मिश्रा ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे जीवीएमसी की सीमाओं के भीतर सटीक और त्रुटि-रहित डेटा संग्रह सुनिश्चित करें। उन्होंने इस बात पर ज़ोर दिया कि 'यूनिफाइड फ़ैमिली सर्वे' का उचित सत्यापन किया जाए तथा स्थानीय निकाय स्तर पर जनसंख्या सर्वेक्षण आयोजित किए जाएं। उन्होंने यह भी निर्देश दिया कि बीसी समुदायों के बारे में विस्तृत और विश्वसनीय जानकारी को आगामी जनगणना 2027 की प्रक्रिया में शामिल किया जाए।

उन्होंने बीसी समुदायों के भीतर की उप-जातियों के विवरण की समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने कहा कि गणना प्रक्रिया में सभी प्रासंगिक मापदंडों पर विचार किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि आयोग बीसी समुदायों की सामाजिक-आर्थिक स्थितियों का गहन अध्ययन करेगा और तदनुसार अपनी सिफ़ारिशें देगा। उन्होंने आश्वासन दिया कि जनता के अभ्यावेदनों और सुझावों की सावधानीपूर्वक जांच की जाएगी और निर्णय निष्पक्ष तथा विधि-सम्मत तरीके से लिए जाएंगे।

बैठक के दौरान अधिकारियों ने जनसंख्या गणना और स्थानीय निकाय नियोजन से संबंधित प्रारंभिक कार्यों की भी समीक्षा की।

उल्लेखनीय है कि ग्रेटर विशाखापत्तनम नगर निगम में वर्तमान में 98 वार्ड हैं और आगामी स्थानीय निकाय चुनावों के मद्देनज़र परिसीमन की योजनाएं तैयार की जा रही हैं। अधिकारियों ने बताया कि बीसी आबादी और मतदाताओं के वितरण के बारे में सटीक डेटा तैयार करने के लिए मतदाता सूचियों के आधार पर सर्वेक्षण किए जाएंगे।

आयुक्त ने नगर नियोजन विभाग को बीसी आबादी के आंकड़ों पर एक विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत करने का निर्देश दिया। समीक्षा बैठक में जीवीएमसी और विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारियों ने भाग लिया।

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