रायपुर , फरवरी 07 -- आम आदमी पार्टी ने छत्तीसगढ़ सरकार पर किसानों की धान खरीदी में लापरवाही बरतने का आरोप लगाते हुए 10 फरवरी को मुख्यमंत्री निवास का घेराव करने की घोषणा की है।

आप ने शनिवार को आरोप लगाया कि धान खरीदी की समय सीमा समय से पहले बंद करने से लाखों किसान प्रभावित हुए हैं। प्रदेश के कार्यकारी अध्यक्ष अभिषेक मिश्रा ने शनिवार को संवाददाताओं से कहा कि धान खरीदी 15 नवंबर 2025 से शुरू हुई और 06 फरवरी को बंद कर दी गई, जो एक छोटी अवधि थी। उन्होंने कहा कि अभी भी राज्य में लाखों किसानों का धान नहीं खरीदा गया है। पार्टी ने इसका विरोध किया है और खरीदी की तारीख बढ़ाने की मांग कर रही है।

आप के प्रदेश अध्यक्ष (किसान इकाई) तारेंद्र चंद्राकर ने आरोप लगाया कि धान का पैसा निकालने के लिए किसानों को कोऑपरेटिव बैंकों में लंबी लाइनों में खड़ा होना पड़ रहा है, जहां एक बार में केवल 25 हजार रुपये ही दिए जा रहे हैं। उन्होंने यह भी कहा कि टोकन काटने से पहले पटवारी, आरआई और तहसीलदार द्वारा किए गए भौतिक सत्यापन से किसानों को परेशानी हुई।

वहीं, प्रदेश मीडिया प्रभारी मिहिर कुर्मी ने दावा किया कि अभी भी लगभग तीन लाख किसान धान बेचने से वंचित रह गए हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर किसान आत्महत्या करते हैं तो इसकी जिम्मेदारी भाजपा सरकार की होगी।

रायपुर लोकसभा क्षेत्र के पार्टी अध्यक्ष अज़ीम खान ने मांग की कि सरकार किसानों से माफ़ी मांगे, सभी किसानों को समुचित टोकन व्यवस्था प्रदान करे और धान खरीदी की समय सीमा 28 फरवरी तक बढ़ाए। इस बीच, प्रदेश अध्यक्ष (कर्मचारी विंग) विजय कुमार झा ने केंद्र सरकार द्वारा अमेरिका के साथ हुई व्यापार सौदे की आलोचना की और कहा कि इससे देश की कृषि व्यवस्था और किसान बर्बाद हो जाएंगे।

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