सोनीपत , जून 24 -- हरियाणा प्रदेश भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के पूर्व अध्यक्ष मोहनलाल बड़ौली ने आपातकाल की 50वीं वर्षगांठ पर कांग्रेस पर निशाना साधते हुए बुधवार को कहा कि 25 जून 1975 को लगाया गया आपातकाल भारतीय लोकतंत्र के इतिहास का सबसे काला अध्याय था।

श्री बड़ौली ने आरोप लगाया कि तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी ने सत्ता बचाने के लिए संविधान और लोकतांत्रिक संस्थाओं का दुरुपयोग किया, जिससे नागरिकों के मौलिक अधिकारों का हनन हुआ और विपक्षी नेताओं को जेलों में डाल दिया गया। उन्होंने यहां आपातकाल के दौरान लोकतंत्र की रक्षा के लिए संघर्ष करने वाले सोनीपत के करीब 65 लोकतंत्र सेनानियों को श्रद्धांजलि अर्पित की। इस अवसर पर आपातकाल के दौरान जेल में रहे ललित बत्रा को सम्मानित भी किया गया।

उन्होंने कहा कि आपातकाल केवल एक राजनीतिक निर्णय नहीं था, बल्कि लोकतांत्रिक मूल्यों और संविधान की भावना पर सीधा हमला था। लाखों लोगों ने जेलों में यातनाएं सहन कीं, लेकिन लोकतंत्र की रक्षा के लिए अपना संघर्ष जारी रखा। बड़ौली ने कहा कि युवा पीढ़ी को आपातकाल की वास्तविकता से अवगत कराना आवश्यक है, ताकि वे समझ सकें कि सत्ता का अहंकार लोकतंत्र के लिए कितना खतरनाक हो सकता है। उन्होंने कांग्रेस से इस घटना के लिए देश से माफी मांगने की भी बात कही।

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में पिछले वर्षों में लोकतंत्र और अधिक मजबूत हुआ है तथा पारदर्शिता, सुशासन और जनभागीदारी को बढ़ावा मिला है। इस दौरान कई भाजपा पदाधिकारी और कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

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