पटना , सितंबर 09 -- िहार में बाढ़ की स्थिति को देखते हुए आपदा प्रबंधन विभाग की ओर से प्रभावित क्षेत्रों में राहत एवं बचाव कार्य पूरी तत्परता और युद्ध स्तर पर चलाया जा रहा है। विभागीय अधिकारियों के अनुसार , राज्य के 14 जिलों पटना, भोजपुर, सारण, वैशाली, भागलपुर, बेगूसराय, बक्सर, समस्तीपुर, मुंगेर, कटिहार, लखीसराय, खगड़िया, पूर्णिया एवं अरवल के 84 प्रखंडों में स्थित 517 ग्राम पंचायतों के अंतर्गत लगभग 41.45 लाख आबादी बाढ़ से प्रभावित हुई है।

इसे देखते हुए बाढ़ पीड़ितों तक मदद पहुंचाने के लिए राहत सामग्रियों के वितरण में भारी बढ़ोतरी की गई है। 8 सितंबर को जहां बांटे गए ड्राई राशन पैकेट की संख्या 22,938 थी, वहीं 9 सितंबर को यह बढ़कर 29,437 हो गई है। इसी तरह पॉलिथीन शीट का वितरण 8 सितंबर को दर्ज 1,29,489 से बढ़कर 9 सितंबर को 1,99,814 (लगभग 2.0 लाख) तक पहुंच गया। प्रभावित क्षेत्रों में चिकित्सा सुविधाओं का विस्तार करते हुए चिकित्सा शिविरों की संख्या को भी 386 से बढ़ाकर 557 कर दिया गया है।

जिलों में बाढ़ प्रभावित लोगों के लिए संचालित कम्युनिटी किचन की संख्या 8 सितंबर को लगभग 450 थी, जिसे 9 सितंबर को बढ़ाकर 793 कर दिया गया है। इन रसोइयों के माध्यम से अब तक लगभग 22.79 लाख लोगों को अभी तक सुबह-शाम का भोजन उपलब्ध कराया गया है। इसके अलावा राज्य में 15 राहत शिविरों का भी सफल संचालन किया जा रहा है, जहां 11,255 बाढ़ शरणार्थियों के लिए आवासन, भोजन और चिकित्सा इत्यादि की मुकम्मल व्यवस्था की गई है। वहीं, आबादी के निष्क्रमण और आवागमन को सुगम बनाने के लिए राज्य में कुल 1,872 नावों का परिचालन कराया जा रहा है। साथ ही मवेशियों की सुरक्षा के लिए अब तक कुल 5,464 क्विंटल पशुचारा का वितरण किया जा चुका है। त्वरित राहत एवं बचाव कार्यों के लिए विभिन्न जिलों में एसडीआरएफ की 27 और एनडीआरएफ की 10 टीमों को प्रतिनियुक्त किया गया है।

केंद्रीय जल आयोग की ओर से जारी रिपोर्ट के अनुसार गंगा नदी का जलस्तर भागलपुर के सुल्तानगंज में 36.80 मीटर दर्ज किया गया, जिसमें घटने की प्रवृत्ति देखी गई है। वहीं गंडक (डुमरिया घाट), कोसी (बलतारा व कुर्सेला), बूढ़ी गंडक (खगड़िया), गंगा (दीघा, गांधीघाट, हाथीदह, भागलपुर, कहलगांव, मुंगेर), पुनपुन (श्रीपालपुर), बागमती (बेनीबाद) और घाघरा (दरौली, गंगपुर सिसवन) नदियां खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं। 9 सितंबर को शाम 6:00 बजे गंडक बैराज पर जलस्राव 81,800 क्यूसेक (प्रवृत्ति स्थिर), कोसी बैराज पर 1,63,525 क्यूसेक (प्रवृत्ति बढ़ने की) और इन्द्रपुरी (सोन) बैराज पर 67,966 क्यूसेक दर्ज किया गया।

मौसम विभाग के अनुसार, राज्य के कुछ स्थानों पर हल्की से मध्यम एवं एक-दो स्थानों पर भारी वर्षा की संभावना व्यक्त की गई है।

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