पिथौरागढ़ , मई 17 -- उत्तराखंड की सीमांत आदि कैलाश और ॐ पर्वत यात्रा के दौरान यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए परिवहन विभाग की ओर से रविवार को धारचूला-गूंजी मार्ग पर सघन प्रवर्तन अभियान चलाया गया।
इस अभियान के दौरान 32 वाहनों के खिलाफ कार्रवाई की गई, जबकि बिना फिटनेस और वैध दस्तावेजों के संचालित तीन वाहनों को जब्त कर लिया गया। सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी (एआरटीओ) प्रवर्तन शिवांश कांडपाल ने बताया कि रविवार को आदि कैलाश मार्ग पर सुबह से ही विशेष अभियान चलाया गया।
इस दौरान 80 से अधिक वाहनों की जांच की गई, जिनमें 12 निजी वाहन भी शामिल थे। जांच में छह वाहनों की आरसी और परमिट जब्त किए गए। तीन वाहन ऐसे पाए गए जिनके फिटनेस प्रमाणपत्र और अन्य आवश्यक दस्तावेज समाप्त हो चुके थे।
इसके बावजूद वे गुजरात और कोलकाता से आए यात्रियों को लेकर यात्रा मार्ग पर संचालित हो रहे थे। यात्रियों की सुरक्षा को देखते हुए इन वाहनों को तत्काल कब्जे में लिया गया। विभाग ने यात्रियों की सुविधा के लिए तत्काल वैकल्पिक वाहनों की व्यवस्था भी कराई, जिससे श्रद्धालुओं की यात्रा प्रभावित न हो। विभाग की त्वरित कार्रवाई की यात्रियों ने सराहना की।
जांच के दौरान दो वाहन बिना हिल अनुमति प्रमाण पत्र के संचालित पाए गए, जिन्हें वापस लौटा दिया गया। वहीं निजी वाहनों की जांच में किसी भी वाहन का व्यावसायिक उपयोग नहीं पाया गया।
एआरटीओ ने कहा कि यात्रा सीजन में बिना वैध दस्तावेज, फिटनेस, टैक्स, बीमा या हिल एंडोर्स लाइसेंस वाले वाहनों के खिलाफ लगातार सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। उन्होंने वाहन संचालकों और यूनियन पदाधिकारियों को निर्देश दिए कि बिना वैध अभिलेखों के कोई भी वाहन यात्रियों को लेकर यात्रा मार्ग पर न चलाया जाए।
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