चंडीगढ़ , मार्च 07 -- हरियाणा सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो ने आईडीएफसी फर्स्ट बैंक से जुड़े एक मामले की जांच के दौरान कई खाताधारकों के बैंक खातों को अस्थायी रूप से फ्रीज करने या उनमें राशि होल्ड किये जाने के संबंध में आमजन से अपील की है। ब्यूरो ने कहा है कि जांच के दौरान संदिग्ध लेन-देन से जुड़े कई बैंक खातों को एहतियातन अस्थायी रूप से फ्रीज किया गया है।

ब्यूरो के अनुसार यदि किसी व्यक्ति, संस्था या फर्म को यह लगता है कि उसका बैंक खाता धोखाधड़ी के मामले से किसी भी प्रकार से संबंधित नहीं है और उसका खाता गलती से फ्रीज कर दिया गया है, तो वह इस संबंध में अपना प्रतिवेदन भेज सकता है। इसके माध्यम से संबंधित व्यक्ति अपनी स्थिति स्पष्ट करते हुए खाते को अनफ्रीज करने का अनुरोध कर सकता है।

विजिलेंस ब्यूरो ने इसके लिए एक विशेष सुविधा उपलब्ध करायी है। प्रभावित खाताधारक विजिलेंस ब्यूरो के टोल-फ्री व्हाट्सएप नंबर 941-7891064 पर अपना लिखित प्रतिवेदन भेज सकते हैं। प्रतिवेदन में खाताधारक को अपना नाम, खाता विवरण और संबंधित जानकारी स्पष्ट रूप से उपलब्ध करानी होगी, ताकि मामले की जांच सही तरीके से की जा सके।

ब्यूरो ने यह भी आश्वासन दिया है कि प्राप्त सभी प्रतिवेदनों की गंभीरता से समीक्षा और जांच की जाएगी। संबंधित मामलों की प्राथमिक जांच के बाद 48 घंटों के भीतर आवेदक को उसके प्रतिवेदन पर की गयी कार्रवाई की जानकारी उपलब्ध करा दी जाएगी।

हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित