देहरादून , जुलाई 14 -- उत्तराखंड सरकार ने पीआरडी स्वयंसेवकों के हित में एक महत्वपूर्ण और संवेदनशील निर्णय लिया है। अब ड्यूटी या प्रशिक्षण के दौरान बीमार अथवा घायल होकर अस्पताल में भर्ती होने वाले पीआरडी जवानों को उपचार अवधि में भी मानदेय मिलेगा।
मंगलवार को युवा कल्याण एवं प्रांतीय रक्षक दल मंत्री रेखा आर्या ने बताया कि मुख्यमंत्री की घोषणा के अनुरूप जारी इस व्यवस्था से पीआरडी जवानों को आर्थिक सुरक्षा मिलेगी और उन्हें इलाज के दौरान आय की चिंता नहीं करनी पड़ेगी।
उन्होंने कहा कि पीआरडी स्वयंसेवक विपरीत परिस्थितियों में भी विभिन्न विभागों में अपनी सेवाएं पूरी निष्ठा और समर्पण के साथ देते हैं। ऐसे में ड्यूटी के दौरान किसी दुर्घटना या बीमारी की स्थिति में सरकार का उनके साथ खड़ा रहना हमारी जिम्मेदारी है। इसी सोच के साथ अस्पताल में भर्ती रहने की अवधि को 'ऑन ड्यूटी' मानते हुए अधिकतम 180 दिनों तक मानदेय देने की व्यवस्था लागू की गई है।
श्रीमती आर्या ने बताया कि शासन की ओर से इस संबंध में मानक संचालन प्रक्रिया (एसओपी) जारी कर दी गई है, जिससे पूरे प्रदेश में व्यवस्था का पारदर्शी और एक समान क्रियान्वयन सुनिश्चित होगा। उन्होंने कहा कि पात्र पीआरडी स्वयंसेवकों को तय प्रक्रिया के अनुसार इस योजना का लाभ दिया जाएगा।
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