नयी दिल्ली , जून 22 -- डिजिटल इंडिया भाषिणी प्रभाग (डीआईबीडी) और असम इनोवेशन एंड स्टार्टअप फाउंडेशन (एआईएसएफ) ने असम में भाषा प्रौद्योगिकी, जनरेटिव एआई आधारित समाधान तथा बहुभाषी डिजिटल सेवाओं को बढ़ावा देने के लिए एक समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किये हैं।

इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय ने सोमवार को इस आशय की जानकारी देती है बताया कि साझेदारी का उद्देश्य स्थानीय भाषाओं के जरिए डिजिटल सेवाओं तक पहुंच बढ़ाने के साथ-साथ राज्य के स्टार्टअप और नवाचार पारिस्थितिकी तंत्र को मजबूत करना है। इसके तहत दोनों संस्थान भाषा प्रौद्योगिकी, कृत्रिम बुद्धिमत्ता, उद्यमिता, क्षमता विकास और बहुभाषी डिजिटल समाधानों के क्षेत्र में सहयोग करेंगे।

समझौते के तहत 'भाषिणी राज्यम' पहल के अंतर्गत भाषिणी के अनुवाद एपीआई को विभिन्न सरकारी और डिजिटल मंचों से जोड़ा जायेगा तथा असमिया सहित अन्य स्थानीय भाषाओं में अनुवाद सेवाओं को बेहतर बनाया जायेगा। इसके अलावा वॉयस आधारित समाधान विकसित करने और 'भाषादान' के माध्यम से भाषाई आंकड़ों के संग्रह एवं प्रसार को भी बढ़ावा दिया जायेगा।

मंत्रालय के अनुसार इस सहयोग से राज्य के स्टार्टअप, उद्यमियों, शोधकर्ताओं और शैक्षणिक संस्थानों को बहुभाषी एआई आधारित समाधान विकसित करने का अवसर मिलेगा। डिजिटल इंडिया भाषिणी प्रभाग के मुख्य कार्यकारी अधिकारी अमिताभ नाग ने कहा कि इस साझेदारी का उद्देश्य सुनिश्चित करना है कि देश के डिजिटल परिवर्तन की यात्रा में भाषा बाधा न बने और स्थानीय जरूरतों के अनुरूप नवाचार को बढ़ावा मिल सके।

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