चंडीगढ़ , फरवरी 12 -- पंजाब के वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने गुरुवार को केंद्र सरकार पर आरोप लगाया कि वह तथाकथित 'भारत-अमरीका डील' के ज़रिए राज्य के किसानों को बर्बाद करने और देश की कृषि को अमरीका को बेचने के लिए 'बड़ी योजना और साज़िश' रच रही है।

श्री चीमा ने मीडिया को संबोधित करते हुए चेतावनी दी कि अगर सस्ता अमरीकी दूध पाउडर, पनीर, अनाज और अन्य कृषि उत्पाद कम दामों पर भारत आने शुरू हो गए तो यह सीधे तौर पर पंजाब और पूरे देश के किसानों को कुठाराघात होगा। उन्होंने कहा कि पंजाब ने पिछले 50 वर्षों से गेहूं और धान के ज़रिए भारत के राष्ट्रीय अन्न भंडार में बहुत बड़ा योगदान दिया है। उन्होंने कहा कि यह बहुत शर्म की बात है कि जिस 'अन्नदाता' ने देश में एक बड़ी खाद्य क्रांति लाई, उसे अब एक गहरी राजनीतिक और आर्थिक साज़िश के ज़रिए निशाना बनाया जा रहा है।

उन्होंने कहा कि राष्ट्रवादी पार्टी होने का दावा करने वाली और "स्वदेशी भारत" की बात करने वाली भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) आज पूरी तरह से अमरीका के हाथों बिक चुकी है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा की केंद्र सरकार ने अमरीका के आगे घुटने टेक दिए हैं और अब भारत को फिर से दूसरों पर निर्भर बनाने की कोशिश कर रही है।

अमरीकी कृषि सचिव ब्रूक रोलिंस के एक ट्वीट का हवाला देते हुए श्री चीमा ने कहा कि सच अब पूरी दुनिया के सामने आ गया है। उन्होंने कहा कि अमरीकी कृषि सचिव रोलिंस ने सार्वजनिक रूप से राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प का धन्यवाद किया और खुलकर इस समझौते का जश्न मनाया। उन्होंने कहा कि इस समझौते से विशाल भारतीय बाज़ार में अमरीकी कृषि उत्पादों का निर्यात बढ़ेगा, यह समझौता अमरीकी कीमतों को ऊंचा उठाएगी, ग्रामीण अमरीका में नकदी पहुंचाएगी और अमरीकी आर्थिकता मज़बूत होगी। श्री चीमा ने कहा यह साफ सबूत है कि यह समझौता भारतीय किसानों के लिए नहीं, बल्कि अमरीकी किसानों के लिए की जा रही है।

वित्त मंत्री चीमा ने पंजाब भाजपा अध्यक्ष सुनील जाखड़ और भाजपा नेतृत्व से सीधा सवाल पूछा कि क्या आपमें इस बयान को ट्वीट के ज़रिए कोट करने और अमरीका को जवाब देने की हिम्मत है। उन्होंने मांग की कि सुनील जाखड़, भाजपा के वर्किंग अध्यक्ष अश्विनी शर्मा और भाजपा सांसद रवनीत बिट्टू तुरंत इस डील के दस्तावेज सार्वजनिक करें।

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