नयी दिल्ली, 31अगस्त (वार्ता) अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (अभाविप) के राष्ट्रीय मंत्री डॉ वीरेंद्र सिंह सोलंकी पंजाब विश्वविद्यालय छात्रसंघ चुनाव में अध्यक्ष पद पर जीत हासिल करने पर श्री अंकित बिधान को बधाई दी है और कहा है कि अभाविप विश्वविद्यालय के प्रत्येक विद्यार्थी की आवाज को मजबूती से उठाने के लिए प्रतिबद्ध है।

डॉ सोलंकी ने कहा कि इस जनादेश को सबसे पहले उस विश्वास के रूप में देखा जाना चाहिए जो पंजाब विश्वविद्यालय के विद्यार्थियों ने अभाविप के साथ व्यक्त किया है। छात्रसंघ में पिछले वर्ष अध्यक्ष पद पर रहते हुए विद्यार्थियों के हित से जुड़े जिन मुद्दों को उठाया, जिन समस्याओं के समाधान के लिए संघर्ष किया और विश्वविद्यालय के विद्यार्थियों की आवाज को जिस तरह प्रशासन तक पहुंचाया, उस काम का मूल्यांकन आज छात्रों ने अपने वोट के माध्यम से किया है। यह परिणाम उन लोगों के लिए भी एक स्पष्ट संदेश है, जिन्होंने चुनाव के दौरान अभाविप के खिलाफ लगातार एक विशेष वातावरण बनाने का प्रयास किया।

उन्होंने कहा कि अलग-अलग माध्यमों से भय, भ्रम और दुष्प्रचार को राजनीतिक हथियार बनाने की कोशिश हुई, लेकिन पंजाब विश्वविद्यालय की जेन जी ने इन सबको स्वीकार नहीं किया। यह चुनाव केवल अभाविप के पक्ष में आया जनादेश नहीं है, बल्कि उस धारणा का भी जवाब है कि आज की युवा पीढ़ी राष्ट्रवादी विचारों या अभाविप से स्वाभाविक रूप से दूर है।

डॉ सोलंकी ने कहा कि पंजाब विश्वविद्यालय के विद्यार्थियों ने इस सोच को अपने वोट से खारिज किया है। उन्होंने यह बता दिया है कि जेन जी को राष्ट्रवाद से नहीं नकारात्मकता से समस्या है। नवनिर्वाचित अध्यक्ष अंकित बिधान के नेतृत्व में अभाविप पंजाब विश्वविद्यालय के प्रत्येक विद्यार्थी की आवाज को मजबूती से उठाने के लिए प्रतिबद्ध है। आने वाले समय में हमारा ध्यान व्यक्तिगत राजनीति, आरोप-प्रत्यारोप और सस्ती बयानबाजी पर नहीं, बल्कि छात्रों के वास्तविक मुद्दों, बेहतर सुविधाओं, स्वच्छ एवं सुरक्षित कैंपस, पारदर्शी प्रशासन और एक बेहतर पंजाब विश्वविद्यालय के निर्माण पर रहेगा। यह जीत अंत नहीं, जिम्मेदारी की शुरुआत है।

श्री बिधान ने पंजाब विश्वविद्यालय छात्रसंघ चुनाव में अध्यक्ष पद पर 3143 मत प्राप्त करके 506 वोटसे जीत हासिल की। इसी के साथ ही अभाविप ने लगातार दूसरी बार छात्रसंघ अध्यक्ष पद पर जीत हासिल की है। गत वर्ष अभाविप के गौरववीर सोहेल ने जीत हासिल की थी।

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