प्रयागराज , अगस्त 7 -- उत्तर प्रदेश के झांसी-कानपुर हाईवे पर बृहस्पतिवार को हुए भीषण सड़क हादसे में मृत माफिया अतीक अहमद के सबसे छोटे बेटे आबान अहमद और उसके साथी शाकिर उर्फ सोनू का शव आज सुबह प्रयागराज पहुंच गया। झांसी में पोस्टमार्टम की कागजी और कानूनी प्रक्रियाएं पूरी होने के बाद परिजन एंबुलेंस के जरिए दोनों के शवों को लेकर प्रयागराज पहुंचे हैं। फिलहाल आबान के शव को हटवा स्थित उसकी बुआ के घर पर रखा गया है। शुक्रवार को जुम्मे की नमाज के बाद आबान अहमद के शव को कसारी-मसारी स्थित उसी कब्रिस्तान में सुपुर्द-ए-खाक किया जाएगा जहां उसके पिता अतीक अहमद, चाचा अशरफ और बड़े भाई असद को दफनाया गया था। आबान की कब्र फिलहाल खोद ली गई है। अतीक अहमद की कब्र के पास ही आबान की कब्र बनाई गई है। देर रात तक कब्र खोदने का काम चलता रहा।
सुरक्षा व्यवस्था को ध्यान में रखते हुए पुलिस और प्रशासन पूरी तरह सतर्क है।यह हादसा झांसी जिले के पूंछ थाना क्षेत्र के ग्राम खिल्ली के पास हुआ है। प्रयागराज से झांसी जाते समय उनकी तेज रफ्तार कार दुर्घटनाग्रस्त हो गई थी। हादसे में आबान अहमद और उसके साथी सोनू की मौके पर ही मौत हो गई थी जबकि कार में सवार तीन अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हो गए थे।
हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस ने घायलों और मृतकों को झांसी मेडिकल कॉलेज पहुंचाया जहां डॉक्टरों ने आबान और सोनू को मृत घोषित कर दिया। हादसे में गंभीर रूप से घायल तीनों लोगों को भी बेहतर इलाज के लिए झांसी मेडिकल कॉलेज से प्रयागराज रेफर कर दिया गया है। परिजन उन्हें इलाज के लिए अपने साथ ले आए है। दूसरी ओर पुलिस ने दुर्घटना के कारणों का पता लगाने के लिए मामले की विस्तृत जांच शुरू कर दी है और हादसे से जुड़े सभी पहलुओं की पड़ताल की जा रही है। लेकिन वहीं दूसरी ओर एक बार फिर से ये चर्चा शुरू हो गई है कि क्या तीन साल से फरार चल रही शाइस्ता परवीन अपने बेटे के जनाजे में शामिल होने के लिए आएगी या नहीं। इंटेलिजेंस एजेंसियां और जांच एजेंसियां हर तरह से नजर बनाए हुए है।
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