नयी दिल्ली , सितंबर 15 -- नवोदित विमान सेवा कंपनी अकासा एयर ने इंजीनियर्स डे पर मंगलवार को एयरक्राफ्ट मेंटेनेंस इंजीनियरिंग (एएमई) प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू करने की घोषणा की।

भारत के एमआरओ (रखरखाव, मरम्मत और ओवरहॉल) बाजार में बेड़े के विस्तार, विमान के ज्यादा इस्तेमाल और घरेलू रखरखाव क्षमता में बढ़ोतरी के कारण तेजी से विस्तार की संभावना है। इस विकास से एयरलाइंस, एमआरओ और ओईएम में कुशल पेशेवरों की जबरदस्त मांग पैदा होगी।

अकासा एयर ने इस प्रशिक्षण कार्यक्रम के लिए ठाकुर इंस्टीट्यूट ऑफ एविएशन टेक्नोलॉजी (मुंबई), पुणे इंस्टीट्यूट ऑफ एविएशन टेक्नोलॉजी (पुणे), जेआरएन इंस्टीट्यूट ऑफ एविएशन टेक्नोलॉजी (दिल्ली) और हिंदुस्तान एविएशन एकेडमी (बेंगलुरु) के साथ करार किया है। इन संस्थानों में थ्योरी की पढ़ाई करेंगे और अकासा एयर के इंजीनियरों के साथ प्रायौगिक प्रशिक्षण प्राप्त कर सकेंगे।

अकासा एयर के सह-संस्थापक एवं मुख्य परिचालन अधिकारी बेल्सन कॉउटिन्हो ने कहा, "देश के विमानन क्षेत्र की दिशा न केवल बेड़ा विस्तार के पैमाने से तय होगी, बल्कि तैयार प्रतिभा और क्षमता की गहराई से भी तय होगी। अकासा एएमई ट्रेनिंग प्रोग्राम देश की विमानन कौशल पाइपलाइन को समर्थन के लिए अकासा एयर की दीर्घकालिक प्रतिबद्धता को दर्शाता है। यह उद्योग और अकादमिया के बीच मजबूत सहयोग को बढ़ावा देता है और विमानन तथा इंजीनियरिंग के इच्छुक पेशेवरों को आधुनिक विमान परिचालन, नयी पीढ़ी के विमान, विश्व-स्तरीय सुरक्षा मानकों और अकासा की गुणवत्तापूर्ण प्रशिक्षण संस्कृति का शुरुआती अनुभव हासिल करने में मदद करता है।"इस पाठ्यक्रम में 12वीं पास करने वाले छात्र दाखिला ले सकेंगे। इसमें उद्योग के हिसाब से जरूरी कौशल सीखने और उद्योग में अलग-अलग भूमिकाएं निभाने का अवसर मिलता है।

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