कोलकाता , अप्रैल 23 -- पश्चिम बंगाल के सिलीगुड़ी और माटीगाड़ा में अंतरराष्ट्रीय पर्यवेक्षकों के एक प्रतिनिधिमंडल ने विधानसभा चुनाव के दौरान मतदान प्रक्रिया का प्रत्यक्ष अवलोकन किया।
यह दौरा चुनाव आयोग के अंतरराष्ट्रीय निर्वाचन आगंतुक कार्यक्रम के तहत आयोजित किया गया, जिसका उद्देश्य वैश्विक प्रतिनिधियों को भारत की लोकतांत्रिक प्रक्रिया से परिचित कराना है।
चुनाव आयोग के उपनिदेशक अपूर्व कुमार सिंह के अनुसार, 13 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल में नामीबिया, जॉर्जिया, नेपाल, फिलीपींस, स्विट्जरलैंड और केन्या के प्रतिनिधियों के साथ स्वीडन स्थित एक अंतरराष्ट्रीय लोकतांत्रिक संस्था के सदस्य शामिल हैं।
उन्होंने सिलीगुड़ी कॉलेज में स्थापित वितरण-सह-प्राप्ति केंद्र में संवाददाताओं से बातचीत में कहा कि ये पर्यवेक्षक यह समझने आये हैं कि भारत में चुनाव कैसे संपन्न होते हैं और किस उत्साह के साथ नागरिक इसमें भाग लेते हैं।
दार्जिलिंग जिला प्रशासन द्वारा स्थापित यह केंद्र सिलीगुड़ी, माटीगाड़ा-नक्सलबाड़ी और फांसीदेवा विधानसभा क्षेत्रों की आवश्यकताओं को पूरा कर रहा है।
प्रतिनिधिमंडल ने गुरुवार सुबह सिलीगुड़ी के कुछ मतदान केंद्रों और माटीगाड़ा के एक केंद्र का दौरा किया। निर्वाचन आयोग के अनुसार, पर्यवेक्षकों ने चुनाव प्रबंधन की दक्षता और उत्सवपूर्ण वातावरण की सराहना की।उन्होंने मतदान केंद्रों पर वृद्ध और दिव्यांग मतदाताओं के लिए व्हीलचेयर, पेयजल, छाया और बैठने की व्यवस्था जैसी सुविधाओं के साथ-साथ वेब प्रसारण व्यवस्था की भी प्रशंसा की।
यह वितरण-सह-प्राप्ति केंद्र वह प्रमुख व्यवस्था स्थल है, जहां मतदान कर्मी चुनाव सामग्री प्राप्त करते और मतदान के बाद जमा करते हैं।
इससे पहले बुधवार शाम जिला अधिकारियों ने प्रतिनिधिमंडल को मतदाता सुविधाओं, सुरक्षा प्रबंध औरमतदान प्रक्रिया सहित चुनाव प्रबंधन के विभिन्न पहलुओं की जानकारी दी थी। इसके बाद पर्यवेक्षकों ने केंद्रका दौरा कर मतदान दलों को इलेक्ट्रॉनिक मतदान मशीनों और अन्य आवश्यक सामग्री के साथ उनके केंद्रोंके लिए रवाना होते देखा।
अधिकारियों के अनुसार, प्रतिनिधिमंडल ने भारत जैसे विशाल देश में चुनावी व्यवस्थाओं के संचालन और पारदर्शिता सुनिश्चित करने के तरीकों में विशेष रुचि दिखाई।
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