नई दिल्ली, मार्च 7 -- वास्तु शास्त्र में घर के हर कोने और वस्तु का विशेष महत्व होता है। पति-पत्नी का बेडरूम जहां सबसे ज्यादा समय बिताया जाता है, वहां वास्तु नियमों का पालन नहीं करने से रिश्तों में तनाव, झगड़े और मनमुटाव बढ़ सकता है। वास्तु दोष से बचाव के लिए कुछ सरल नियम और उपाय अपनाने से दांपत्य जीवन में प्यार, मिठास और सद्भाव बना रहता है। आइए जानते हैं बेडरूम से जुड़े महत्वपूर्ण वास्तु नियम और दांपत्य सुख बढ़ाने के टिप्स।बेडरूम का सही स्थान और बेड का चयन वास्तु के अनुसार दांपत्य बेडरूम दक्षिण-पश्चिम दिशा में होना सर्वोत्तम माना जाता है। इससे रिश्तों में स्थिरता और मजबूती आती है। नवविवाहित जोड़ों को उत्तर-पश्चिम (वायव्य कोण) का कमरा कभी नहीं लेना चाहिए, क्योंकि यह दिशा अस्थिरता और तनाव लाती है। बेड की लकड़ी आम, लोहा या तेंदू की नहीं होनी...