वाराणसी, अक्टूबर 21 -- Varanasi News: रामनगर (वाराणसी), संवाददाता। श्रीराम की रावण पर विजय के बाद हर किसी के मन में चाहत थी उस मिलन को देखने की जिसके लिए युद्ध हुआ था यानी श्रीराम और जानकी का मिलन। श्रीराम ने सीता को पैदल आने को कहा ताकि सब उन्हें देख सकें लेकिन श्रीराम ने अग्नि परीक्षा की बात कह कर सबको चौंका दिया। मिलन हुआ जिसका साक्षी ब्रह्मलोक भी बना। रामनगर की रामलीला में बुधवार को उक्त प्रसंग सजीव हुए। श्रीराम विभीषण को राजगद्दी देने के लिए लक्ष्मण, सुग्रीव, अंगद और हनुमान को भेजते हैं। विभीषण से कहते हैं कि पिता के वचन से बंधे होने के कारण मैं नगर में नहीं जा सकता। यह भी पढ़ें- Meerut News: श्रीराम के राजतिलक के मंचन के साथ रामलीला उत्सव का समापन राजतिलक के बाद अंगद, विभीषण और हनुमान के साथ सीता को लाते हैं। सीता से श्रीराम कहते है...