वाराणसी, अगस्त 4 -- Varanasi News: वाराणसी, प्रमुख संवाददाता। मालवीय मार्केट व्यावसायिक संघ और शरणार्थी व्यापार मंडल ने सरकारी दस्तावेजों से केसर-ए-हिन्द जैसे औपनिवेशिक शब्दों को हटाने की मांग की है। मंगलवार को पराड़कर भवन में हुए कार्यक्रम में उन्होंने गुलामी के प्रतीक शब्द को हटाने पर जोर दिया। व्यापारियों ने कहा कि कोतवाली थाना जिस आराजी संख्या पर दर्ज है, उसके राजस्व रिकॉर्ड में अब भी ब्रिटिश शासन काल का 'केसर-ए-हिंद, एंपरर ऑफ ब्रिटिश इंडिया' शब्द अंकित है। स्वतंत्रता प्राप्ति के दशकों बाद भी ऐसे औपनिवेशिक शब्दों का बने रहना अनुचित और अप्रासंगिक है।

प्रमुख वक्ता की राय मालवीय मार्केट व्यावसायिक संघ के अध्यक्ष अभिषेक केसरी ने कहा कि पिछले दिनों सूबे के पूर्व मंत्री शतरुद्र प्रकाश ने यह मुद्दा उठाते हुए प्रशासन को पत्र भेजकर सुधार की म...