वाराणसी, सितम्बर 10 -- Varanasi News: वाराणसी, प्रमुख संवाददाता। जीवन से निराश होकर अपनी जान ले लेना बेहद ही हताशा भरा कदम होता है। जिले में इसके आंकड़ों पर गौर करें तो हर दूसरे-तीसरे दिन कोई न कोई आत्महत्या जैसा आत्मघाती कदम उठा रहा है। खास यह कि सुसाइड करने वालों में सबसे अधिक प्रौढ़ अवस्था वाले लोग हैं। प्रौढ़ावस्था में जान देने वाले लोग पारिवारिक परेशानियों एवं आर्थिक तंगी से खुद को उबार पाने में असमर्थ थे। जनपद में बीते साल कुल 140 लोगों ने अपना जीवन खत्म कर लिया था। इस साल जनवरी से अगस्त तक यह आंकड़ा 79 है। पुलिस के आंकड़ों के अनुसार इसमें 90 फीसदी लोगों की उम्र 32 से 44 साल के बीच रही। यह भी पढ़ें- किशोरों में आत्महत्या के प्रयास करीब तीन गुना बढ़े ये शादीशुदा थे। पारिवारिक कलह, आर्थिक तंगी और परिवार के भरण-पोषण के बीच सामंजस्य न ब...