वाराणसी, अक्टूबर 12 -- रामलीला में सीता की खोज और सुग्रीव से भेंट Varanasi News: रामनगर, संवाददाता। किसी अपने को खो देने का दुःख क्या होता है, यह कोई श्रीराम से पूछे। थे तो वह प्रभु लेकिन सीता की खोज में निकले तो आंखों से झर-झर आंसू बह निकले। इतने विचलित कि पशु-पक्षियों, पेड़-पौधों से सीता के बारे में पूछने लगे। उनकी मुलाकात हनुमान और सुग्रीव से हुई। घायल अवस्था में पड़े जटायु माता के बारे में संकेत देकर शांत हो जाते हैं। ये दृश्य रविवार को रामनगर की रामलीला में जीवंत हुए। श्रीराम जटायु की अंत्येष्टि कर शबरी के पास पहुंचे। लीला के इस प्रसंग में शबरी ने जो बेर प्रभु को खिलाए, वे मध्य प्रदेश के नीमच से मंगाए गए थे। परंपरा के अनुसार बेर के मौसम में ही राजपरिवार के प्रतिनिधि नीमच से बेर ले आते हैं और उसे लीला के समय तक सुरक्षित रखा जाता है। सीत...