वाराणसी, अक्टूबर 30 -- Varanasi News: वाराणसी। हनुमान घाट स्थित कांची कामकोटि मंदिर में श्रीशुक्ल यजुर्वेद माध्यन्दिन शाखा के कण्ठस्थ दंडक्रम पारायण में गुरुवार को प्रो. रामनारायण द्विवेदी ने छात्रों को संबोधित किया। उन्होंने वेदों की रक्षा में व्याकरण शास्त्र के महत्त्व को प्रतिपादित करते हुए कहा कि 'रक्षार्थं वेदानाम्' अर्थात् वेदों की रक्षा के लिए व्याकरण का अध्ययन भी आवश्यक है का संदेश दिया। परीक्षार्थी चिरंजीव अद्वैत शैलेंद्र काकड़े और समर्थ शैलेंद्र काकड़े ने अपनी वैदिक साधना एवं अभ्यास का उत्कृष्ट प्रदर्शन किया। कार्यक्रम में कांची मठ के प्रबंधक वीएस सुब्रमण्यम मणि और के. वेंकटरमण घनपाठी के साथ वेदमूर्ति शैलेंद्र काकड़े, वेदमूर्ति डॉ. गजानन ज्योतकर, पारायण के परीक्षक वेदभास्कर प्रशांत जोशी और वेदमूर्ति किरण पाठक उपस्थित रहे।

हिंदी...