नई दिल्ली, अगस्त 13 -- जब यूपीएससी सिविल सर्विसेज एग्जाम की तैयारी की बात होती है, तो अकसर माना जाता है कि इसके लिए नौकरी, आराम और पर्सनल लाइफ सब कुछ दांव पर लगाना पड़ता है। बहुत से युवा इसकी तैयारी के लिए लाखों के पैकेज की नौकरी छोड़ देते हैं। लेकिन सीआरपीएफ के असिस्टेंट कमांडेंट राजू वाघ की कहानी इस धारणा को गलत साबित करती है। छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित बस्तर क्षेत्र में तैनात राजू वाघ बेहद मुश्किल और चुनौतिपूर्ण सुरक्षा अभियानों की जिम्मेदारी संभाल तो रहे थे, लेकिन उन्होंने अपना यूपीएससी सिविल सेवा परीक्षा क्रैक करने का सपना नहीं छोड़ा था। ड्यूटी से जो भी समय मिलता, उसमें वे चुपचाप फोकस रहकर यूपीएससी सिविल सेवा परीक्षा की तैयारी करते। चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों के बावजूद उन्होंने अपने लक्ष्य से नजर नहीं हटाई। इस जुनून, कड़ी मेहनत और अनु...