मुख्य संवाददाता, जुलाई 23 -- उत्तर प्रदेश के अशासकीय सहायता प्राप्त महाविद्यालयों में असिस्टेंट प्रोफेसर के 910 पदों पर भर्ती के अभ्यर्थियों का भविष्य अधर में फंसा हुआ है। 2022 में भर्ती शुरू होने के चार साल में दो बार लिखित परीक्षा कराई गई और दो बार परिणाम भी घोषित हुआ लेकिन आज भी नतीजा सिफर है। एक परीक्षा अनियमितता के कारण पहले निरस्त हो चुकी है जबकि दूसरी परीक्षा कानूनी अड़चन में फंसती दिख रही है। इस मामले में यथास्थिति बनाए रखने के सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग ने मंगलवार से शुरू हुए साक्षात्कार पर तत्काल प्रभाव से रोक लगा दी है। हालांकि बुधवार सुबह आठ बजे से पहले ही 100 से अधिक अभ्यर्थी साक्षात्कार के लिए चयन आयोग पहुंच चुके थे। यह भी पढ़ें- यूपी में TGT, PGT समेत 23,899 पदों पर भर्ती जल्द, UPESSC को मिला...