सुपौल, अक्टूबर 29 -- खाद्य जांच में देरी और प्रयोगशाला की मांग Supaul News: सुपौल, कार्यालय संवाददाता। जिले में खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता की जांच के लिए अपनी प्रयोगशाला नहीं होने से मिलावटी खाद्य सामग्री की पहचान और उसके खिलाफ कार्रवाई में देरी हो रही है। खाद्य सुरक्षा विभाग की ओर से छापेमारी के दौरान लिए जाने वाले नमूनों को जांच के लिए पटना भेजना पड़ता है। जांच रिपोर्ट आने में महीनों लगने से संबंधित कारोबारियों के खिलाफ कार्रवाई की प्रक्रिया भी प्रभावित होती है। ऐसे में मिलावट की शिकायतों पर समय रहते कार्रवाई करना विभाग के लिए चुनौती बना हुआ है। जिले के बाजारों में दूध, पनीर, मिठाई, तेल, मसाले समेत अन्य खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता को लेकर समय-समय पर सवाल उठते रहे हैं। शिकायत मिलने पर खाद्य सुरक्षा अधिकारी दुकानों का निरीक्षण कर नमूने तो ...