शामली, सितम्बर 25 -- Shamli News: कांधला। नगर के मोहल्ला सरावज्ञान स्थित श्री 1008 भगवान नेमिनाथ सकल दिगंबर जैन मंदिर में शुक्रवार को दशलक्षण महापर्व के दसवें एवं अंतिम दिन उत्तम ब्रह्मचर्य धर्म की श्रद्धापूर्वक आराधना की गई। इस अवसर पर जैन श्रद्धालुओं ने भगवान का अभिषेक, शांतिधारा एवं विधि-विधानपूर्वक पूजा-अर्चना कर धर्मलाभ लिया। मंदिर परिसर में भक्ति और धार्मिक जयकारों से वातावरण भक्तिमय बना रहा। शुक्रवार को मंदिर समिति के प्रवक्ता गुणपाल जैन ने बताया को दशलक्षण पर्व के दसवें दिन मनाया जाने वाला उत्तम ब्रह्मचर्य धर्म आत्मसंयम, पवित्रता और इंद्रियों पर नियंत्रण का संदेश देता है। जैन दर्शन में ब्रह्मचर्य का व्यापक अर्थ केवल शारीरिक संयम तक सीमित नहीं है, बल्कि मन, वचन और शरीर को विषय-वासनाओं से दूर रखकर आत्मस्वरूप में रमण करना बताया गया ह...