सराईकेला, अक्टूबर 26 -- Saraikela News: अंतरराष्ट्रीय कलाकार दिवस के अवसर पर रजतेंदु कला निकेतन, सरायकेला की ओर से ग्राम मुकुंदपुर में ''छऊ चौपाल'' का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य सरायकेला की समृद्ध छऊ नृत्य परंपरा, इसकी उत्पत्ति, महत्त्व और सांस्कृतिक विरासत के प्रति लोगों, विशेषकर युवा पीढ़ी में जागरूकता बढ़ाना था। कार्यक्रम के दौरान छऊ कला के प्रख्यात गुरु रजतेंदु रथ एवं गुरु स्वीटी पटनायक (कुसुमी पटनायक) ने उपस्थित ग्रामीणों और युवाओं को छऊ नृत्य की ऐतिहासिक पृष्ठभूमि से अवगत कराया। उन्होंने इस कला की विशिष्ट नृत्य शैली, शारीरिक मुद्राओं और भाव-भंगिमाओं की विस्तृत जानकारी देते हुए भारतीय संस्कृति में इसके महत्त्व को रेखांकित किया। गुरुओं ने कहा कि छऊ केवल एक नृत्य शैली नहीं है, बल्कि यह भारतीय लोकजीवन, परंपरा, अनुशास...