सराईकेला, अक्टूबर 28 -- Saraikela News: सरायकेला, संवाददाता । रजतेंदु कला निकेतन, सरायकेला की ओर से मंगलवार को कीता गांव में छऊ चौपाल का आयोजन किया गया। इस अवसर पर छऊ गुरु रजतेंदु रथ ने छऊ नृत्य की सांस्कृतिक महत्ता पर प्रकाश डालते हुए कहा कि छऊ केवल एक नृत्य नहीं है, बल्कि हमारी अमूल्य सांस्कृतिक विरासत और झारखंड की पहचान का एक महत्वपूर्ण प्रतीक है। इस गौरवशाली परंपरा को संरक्षित करना और नई पीढ़ी तक पहुंचाना हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है। छऊ गुरु कुसुमी पटनायक (स्वीटी) ने भी ग्रामीण युवाओं को छऊ नृत्य सीखने के लिए प्रोत्साहित किया। उन्होंने युवाओं से इस पारंपरिक कला के प्रति रुचि विकसित करने, नियमित अभ्यास करने और अपनी सांस्कृतिक पहचान को बनाए रखने का आह्वान किया। कार्यक्रम में रमेश पूर्ति, शंकर पूर्ति, रहन पाटिया, ओम प्रकाश पूर्ति, बा...