संभल, अगस्त 4 -- Sambhal News: गंगा के जलस्तर में पिछले दो दिनों के दौरान करीब एक फीट की गिरावट आने से तटीय गांवों के लोगों ने राहत की सांस ली है। हालांकि बाढ़ का खतरा कम होने के बावजूद खेतों में भरे पानी से किसानों की चिंता बढ़ गई है। सैकड़ों एकड़ बाजरा, गन्ना और अन्य फसलें अब भी जलमग्न हैं। जबकि गांवों में जलभराव और कीचड़ के कारण डेंगू, मलेरिया तथा पेट संबंधी संक्रामक बीमारियों के फैलने की आशंका गहरा गई है। जुनावई के गांव तोतापुर निवासी झम्मन सिंह ने बताया कि दो दिन पहले गंगा का जलस्तर तेजी से बढ़ने पर बाढ़ का पानी बांध के अंदर बसे बझांगी गांव की गलियों तक पहुंच गया था। यह भी पढ़ें- गंगा के बढ़ते जलस्तर से ग्रामीण चिंतित, बाढ़ का खतरा पानी रायबहादुर और देवेंद्र की पशुशालाओं में घुस गया। जिससे मवेशियों को सुरक्षित स्थानों पर ले जाना पड़ा...