रुडकी, अगस्त 22 -- Roorki News: रुड़की, संवाददाता। न्यू आदर्श शिवाजी नगर में कुमाऊं के पारंपरिक सातों-आठों महोत्सव में पूजा के साथ ढोल की थाप संग गौरा-महेश्वर को विदाई दी गई। इसी के साथ आठों पर्व का भी समापन हुआ। सातों-आठों पर्व कुमाऊं में मनाया जाने वाला प्रमुख पारंपरिक पर्व है। यह पर्व भाद्रपद शुक्ल पंचमी से अष्टमी तक भगवान शिव और माता पार्वती की पूजा-अर्चना के साथ मनाया जाता है। मान्यता है कि माता पार्वती रूठकर अपने मायके आती हैं और भगवान शिव उन्हें मनाने के लिए आते हैं। माता पार्वती की विदाई के साथ ही पर्व का समापन होता है।

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