नई दिल्ली, जुलाई 7 -- भारत के विदेशी मुद्रा भंडार में सोने की हिस्सेदारी लगातार बढ़ रही है। इस बढ़ोतरी की वजह से देश के आधिकारिक स्वर्ण भंडार का मूल्य बढ़कर 115.8 अरब डॉलर (करीब 9.9 लाख करोड़ रुपये) पहुंच गया है। पिछले छह महीनों में भारत के विदेशी मुद्रा भंडार में सोने की हिस्सेदारी 17% रही, जो एक साल पहले इसी अवधि में 12 प्रतिशत थी। यह बढ़ोतरी सोने की कीमत बढ़ने और पारंपरिक विदेशी मुद्राओं के अलावा दूसरे तरह के रिजर्व एसेट्स (जैसे सोना) को अपनाने की वजह से हुई है। बता दें कि सोने की कीमत 2024 की शुरुआत में लगभग $2,000 प्रति औंस से बढ़कर 2026 में $4,000 प्रति औंस से ज्यादा हो गई है।रूस-यूक्रेन जंग की वजह से बदले हालात जानकार बताते हैं कि फरवरी 2022 में रूस के यूक्रेन पर बड़े पैमाने पर हमले के बाद यह बदलाव तेजी से हुआ। कई केंद्रीय बैंकों क...