रांची, अक्टूबर 12 -- Ranchi News: रांची, विशेष संवाददाता। अवैध निर्माण के खिलाफ कार्रवाई करने में नगर निगम को भी नियमों का पालन करना होगा। संबंधित पक्ष को अपनी बात रखने का मौका दिए बिना निर्माण हटाने और दो लाख रुपये का जुर्माना लगाने का आदेश धनबाद नगर निगम को भारी पड़ गया। झारखंड हाईकोर्ट ने निगम के इस आदेश को रद्द करते हुए मामले में नए सिरे से सुनवाई करने और फैसला लेने का निर्देश दिया है। अदालत ने स्पष्ट किया कि याचिकाकर्ता का जवाब रिकॉर्ड पर आए बिना एकतरफा आदेश पारित किया गया था। जस्टिस राजेश शंकर की अदालत में धनबाद के सुगियाडीह मेन रोड स्थित आठ लेन सड़क के पास जमीन पर कथित अवैध निर्माण का मामला आया था। धनबाद नगर निगम के नगर आयुक्त ने 22 जुलाई को आदेश जारी कर संबंधित निर्माण हटाने और दो लाख रुपये का जुर्माना लगाने का निर्देश दिया था। इस...