रामगढ़, अगस्त 9 -- Ramgarh News: मांडू, निज प्रतिनिधि। अब बांस की खपच्चियां और जूट के धागे मांडू की ग्रामीण महिलाओं के लिए सिर्फ हस्तशिल्प का सामान नहीं रहेंगे, बल्कि आमदनी और आत्मनिर्भरता का जरिया बनेंगे। सोहराय पेंटिंग की पारंपरिक कला भी महिलाओं के हुनर को बाजार तक पहुंचाने का रास्ता तैयार करेगी। शनिवार को मांडू प्रखंड सभागार में प्रशिक्षण पूरा करने वाली महिलाओं को प्रमाण-पत्र और टूल किट देकर स्वरोजगार की दिशा में एक कदम आगे बढ़ाया गया।संस्था लीड्स की ओर से सामाजिक-आर्थिक स्थिति सुधार एवं सामुदायिक संगठनों की क्षमता विकास परियोजना के तहत आयोजित कार्यक्रम में बीडीओ रीना कुजूर ने महिलाओं को प्रमाण-पत्र और टूल किट प्रदान किए। यह भी पढ़ें- Siwan News हस्तशिल्प प्रशिक्षण से महिला समूहों को मिलेगा स्वरोजगार का नया अवसर संस्था ने पिछले एक माह ...