Quote of the Day: विदुर नीति के अनुसार कभी नहीं टिकता है इस तरह से कमाया धन, परिवार से सुख-शांति भी हो जाती है खत्म
नई दिल्ली, जून 2 -- आज 2 जून 2026 की शाम का सुविचार हमें याद दिलाता है कि धन कितना भी हो, अगर वह सही रास्ते से नहीं आया, तो वह कभी स्थायी नहीं रहता है। सच्ची समृद्धि केवल उसी धन में होती है, जो ईमानदारी और धर्म के साथ कमाया गया हो। महात्मा विदुर ने विदुर नीति में एक महत्वपूर्ण श्लोक कहा है:अतिक्लेशेन येर्था: स्युर्धर्मस्यातिक्रमेण वा।अरेर्वा प्रणिपातेन मा स्म तेष मन: कृथा:।। अर्थ: जो धन अत्यधिक क्लेश (कष्ट) से, धर्म के उल्लंघन से या शत्रु के सामने सिर झुकाकर प्राप्त किया जाए, उस धन पर कभी मन ना लगाएं। विदुर नीति हमें स्पष्ट रूप से चेतावनी देती है कि गलत तरीके से कमाया गया धन कभी सुख नहीं देता। वह धीरे-धीरे परिवार की शांति छीन लेता है और अंत में सिर्फ दुख और अपमान छोड़कर चला जाता है।धर्म के विरुद्ध कमाया धन विदुर कहते हैं कि जब कोई व्यक्ति...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.