नई दिल्ली, जून 19 -- 19 जून 2026 की शाम का सुविचार हमें याद दिलाता है कि सच्चा सुख वह नहीं जो जवानी में मिले, बल्कि वह जो बुढ़ापे में भी बना रहे। आचार्य चाणक्य कहते हैं कि जीवन की नींव जवानी में रखनी होती है। अगर आज हम कुछ अच्छी आदतें अपनाएं, तो कल का बुढ़ापा भी तनावमुक्त और खुशहाल बीतेगा। आज का दिन हमें याद दिलाता है कि टेंशन फ्री जीवन की शुरुआत आज से ही करनी चाहिए। आचार्य चाणक्य ने नीति शास्त्र में जीवन के हर पहलू पर गहरा ज्ञान दिया है। उन्होंने बताया कि कुछ खास आदतें अपनाकर इंसान ना सिर्फ जवानी में सफल होता है, बल्कि बुढ़ापे में भी सम्मान और सुख के साथ जीवन व्यतीत कर सकता है। ये आदतें बहुत ही सहज हैं, लेकिन इनका असर जीवन भर रहता है।अनुशासन बनाए रखें आचार्य चाणक्य कहते हैं कि अनुशासन ही जीवन का सबसे बड़ा आधार है। जो व्यक्ति समय का सही उ...