नई दिल्ली, मार्च 30 -- 30 मार्च 2026, आज का सुविचार: 'सफलता केवल मेहनत से नहीं, बल्कि सही समय पर सही समझदारी से मिलती है।' आचार्य चाणक्य अपनी नीति में बार-बार यही बात दोहराते हैं कि बिना सोचे-समझे किए गए काम अक्सर नुकसान का कारण बन जाते हैं। चाणक्य नीति के चौथे अध्याय के 18वें श्लोक में उन्होंने छह महत्वपूर्ण बातों का उल्लेख किया है, जिन्हें ध्यान में रखकर व्यक्ति धनवान और सफल बन सकता है। आइए जानते हैं चाणक्य के इस श्लोक में छिपा असली राज क्या है।क: काल: कानि मित्राणि को देश: कौ व्ययागमौ।कस्याऽडं का च मे शक्तिरिति चिन्त्यं मुहुर्मुंहु:।।समय के विपरीत ना चलें आचार्य चाणक्य कहते हैं कि समय के अनुरूप चलने वाला व्यक्ति कभी मुश्किल में नहीं फंसता है। जीवन में सुख और दुख दोनों आते हैं। सुख के समय में कभी पुराने दुख को ना भूलें और दुख के समय में...
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